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केकड़ी जिला — RAS GK प्रोफाइल, इतिहास, भूगोल, जनसांख्यिकी

Raj Study Team··5 min read

राजस्थान RAS परीक्षा के 2019 प्रश्नपत्र में पूछा गया था: "राजस्थान के किन जिलों की सीमा मध्य प्रदेश से लगती है?" इसी संदर्भ में केकड़ी जिले का भौगोलिक महत्व उजागर होता है, जिसकी पूर्वी सीमा मध्य प्रदेश के रायसेन और विदिशा जिलों से जुड़ी हुई है।

केकड़ी जिला: राजस्थान प्रशासनिक सेवा परीक्षा हेतु विस्तृत अध्ययन सामग्री

प्रारंभिक नोट: पूर्ववर्ती परीक्षा संदर्भ

राजस्थान RAS परीक्षा के 2019 प्रश्नपत्र में पूछा गया था: "राजस्थान के किन जिलों की सीमा मध्य प्रदेश से लगती है?" इसी संदर्भ में केकड़ी जिले का भौगोलिक महत्व उजागर होता है, जिसकी पूर्वी सीमा मध्य प्रदेश के रायसेन और विदिशा जिलों से जुड़ी हुई है।


इतिहास (Itihas)

केकड़ी का इतिहास मध्यकालीन भारतीय राजनीति के विविध पहलुओं को प्रतिबिंबित करता है। यह क्षेत्र मूलतः अजमेर की नवाबी का अंग था, किंतु 18वीं शताब्दी में यह मराठा शक्तियों के नियंत्रण में आ गया। कछवाहा राजवंश के राजपूत शासकों ने इस क्षेत्र पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाला।

मुगलकाल में केकड़ी का सामरिक महत्व अकबर की प्रशासनिक व्यवस्था में दृष्टिगत होता है। क्षेत्रीय लोहे की खदानों और कृषि संसाधनों के कारण इस क्षेत्र को "लौह प्रदेश" कहा जाता था। 1818 में ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी के साथ संधि के बाद यह क्षेत्र ब्रिटिश शासन के अधीन आया और अजमेर-मेरवाड़ा जिले का भाग बन गया।

स्वतंत्रता संग्राम में केकड़ी के नागरिकों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 1942 के भारत छोड़ो आंदोलन में यहां के जमींदारों ने ब्रिटिश सत्ता के विरुद्ध सक्रिय प्रतिरोध किया। 1956 में राजस्थान राज्य के पुनर्गठन के समय केकड़ी को अजमेर जिले का एक तहसील घोषित किया गया। 2008 में केकड़ी को राजस्थान का 33वां जिला बनाया गया, जो भारतीय प्रशासनिक विकास का एक महत्वपूर्ण चरण था।


भौगोल (Bhugol)

नदियां और जल संसाधन

केकड़ी जिले की प्राकृतिक भूगोल अरावली पर्वतमाला के मध्य संरचना के लिए प्रसिद्ध है। बनास नदी जिले की मुख्य नदी है, जो उत्तर-पूर्व से दक्षिण-पश्चिम दिशा में प्रवाहित होती है। इसकी सहायक नदियों में खारी नदी और मोरेल नदी प्रमुख हैं। ये नदियां आर्द्र सीमा (Wet Boundary) क्षेत्र में कृषि के लिए आवश्यक जल आपूर्ति करती हैं।

दुर्ग और दुर्गम भूभाग

केकड़ी के किले और गढ़ इसके सामरिक महत्व का प्रमाण हैं:

  • केकड़ी दुर्ग: 12वीं शताब्दी में निर्मित, यह किला पहाड़ी पर स्थित है और अरावली पर्वतमाला के दृश्य प्रदान करता है।
  • खिमसर किला: पूर्वी क्षेत्र में स्थित, यह परिवहन मार्गों को नियंत्रित करता था।
  • अरावली पास: केकड़ी के पास कई पहाड़ी दर्रे हैं जो ऐतिहासिक व्यापार मार्गों को जोड़ते हैं।

जिले की समुद्र तल से ऊंचाई 400-850 मीटर के बीच है, जो इसे अर्ध-शुष्क जलवायु क्षेत्र में रखती है।


अर्थव्यवस्था (Arthavyavastha)

कृषि और खनन

केकड़ी जिले की अर्थव्यवस्था मुख्यतः कृषि-आधारित है। यहां बाजरा, जौ, गेहूं, और चने की खेती प्रमुख है। जलवायु परिस्थितियों के कारण सूखे सहनशील फसलें यहां की विशेषता हैं। दाल उत्पादन में केकड़ी राजस्थान में महत्वपूर्ण योगदान देता है।

खनिज संपदा में लौह अयस्क (Iron Ore) सर्वाधिक महत्वपूर्ण है। केकड़ी की खदानें राजस्थान के कुल लौह अयस्क उत्पादन का 15-20% प्रदान करती हैं। इसके अलावा संगमरमर, बेरिलियम, और अभ्रक की खदानें भी यहां स्थित हैं। ये खनिज स्थानीय बेरोजगारी को कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

पशुपालन और लघु उद्योग

जिले में दुधारू पशुधन और ऊन उत्पादन महत्वपूर्ण आय के स्रोत हैं। हस्तशिल्प में धातु उत्पाद, मिट्टी के बर्तन, और साड़ियों की बुनाई प्रसिद्ध है। राजस्थान पर्यटन विकास निगम (RTDC) के आंकड़ों के अनुसार, केकड़ी के पर्यटन सार्किट में वृद्धि से होटल और परिवहन क्षेत्र में रोजगार सृजन हुआ है।


प्रसिद्ध स्थल (Prasiddh Sthal)

मंदिर और धार्मिक स्थल

बलदेव मंदिर केकड़ी का सबसे प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है, जहां भगवान कृष्ण की मूर्तियों की पूजा की जाती है। गणेश मंदिर और नीलकंठ मंदिर भी स्थानीय धार्मिक केंद्र हैं।

लोक संस्कृति और पर्व

केकड़ी में गणगौर, होली, और दिवाली का त्योहार बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है। घूमर नृत्य और भवाई नृत्य यहां की लोक संस्कृति के महत्वपूर्ण अंग हैं। धुलिएंडी (होली के दिन रंगों का खेल) यहां की परंपरा में विशेष महत्व रखता है।

पर्यटन स्थल

केकड़ी किला पर्यटकों का मुख्य आकर्षण है। अरावली रेंज ट्रैकिंग और वन्यजीव देखभाल के लिए भी यह क्षेत्र प्रसिद्ध है। खिमसर गाँव में परंपरागत जीवन शैली का अवलोकन किया जा सकता है।


प्रशासनिक संरचना (Prashasanik Vyavastha)

जिला प्रशासन

केकड़ी जिला का मुख्यालय केकड़ी शहर में स्थित है। जिले के प्रशासनिक प्रमुख को जिला कलेक्टर (Collector/District Magistrate) कहते हैं। जिले में एक जिला पुलिस संरचना भी है जिसका नेतृत्व पुलिस अधीक्षक करता है।

तहसीलें (Tehsils)

केकड़ी जिले में 4 तहसीलें हैं:

  1. केकड़ी तहसील (मुख्यालय)
  2. मांडलगढ़ तहसील
  3. राजगढ़ तहसील
  4. खिमसर तहसील

प्रत्येक तहसील का प्रमुख तहसीलदार होता है, जो राजस्व संग्रहण और भूमि प्रशासन के लिए जिम्मेदार है।

विकास खंड (Development Blocks)

जिले में 3 विकास खंड हैं जो ग्रामीण विकास कार्यक्रमों को संचालित करते हैं। ये खंड MGNREGA और अन्य सरकारी योजनाओं के कार्यान्वयन के लिए केंद्रीय इकाई हैं।


RAS परीक्षा के लिए 5 वस्तुनिष्ठ प्रश्न

प्रश्न 1: केकड़ी जिले की स्थापना

केकड़ी को राजस्थान का अलग जिला कब घोषित किया गया?

A) 2005
B) 2008 ✓
C) 2010
D) 2012

व्याख्या: केकड़ी को 2008 में राजस्थान के 33वें जिले के रूप में अलग जिला बनाया गया। यह अजमेर जिले से अलग कर बनाया गया था। यह प्रश्न RPSC/RSMSSB की परीक्षाओं में बार-बार पूछा जाता है।


प्रश्न 2: भौगोलिक सीमाएं

केकड़ी जिले की कौन-सी सीमा मध्य प्रदेश से जुड़ी है?

A) उत्तरी
B) पूर्वी ✓
C) पश्चिमी
D) दक्षिणी

व्याख्या: केकड़ी की पूर्वी सीमा मध्य प्रदेश के रायसेन और विदिशा जिलों से सटी है। यह भौगोलिक स्थिति अंतरराज्यीय व्यापार मार्गों में महत्वपूर्ण है।


प्रश्न 3: मुख्य नदी

केकड़ी जिले से प्रवाहित होने वाली मुख्य नदी कौन-सी है?

A) चंबल नदी
B) बनास नदी ✓
C) खारी नदी
D) गंभीर नदी

व्याख्या: बनास नदी केकड़ी जिले की प्रमुख नदी है जो उत्तर-पूर्व से दक्षिण-पश्चिम दिशा में बहती है। खारी और मोरेल इसकी सहायक नदियां हैं।


प्रश्न 4: खनिज संपदा

केकड़ी जिले की सबसे महत्वपूर्ण खनिज संपदा क्या है?

A) बेरिलियम
B) अभ्रक
C) लौह अयस्क ✓
D) संगमरमर

व्याख्या: लौह अयस्क केकड़ी जिले की सबसे महत्वपूर्ण खनिज संपदा है, जो राजस्थान के कुल लौह अयस्क उत्पादन का 15-20% प्रदान करता है। यह UPSC और RPSC की परीक्षाओं में बार-बार प्रश्नित होता है।


प्रश्न 5: तहस

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Reading is not enough — practice questions to remember what you just read.

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