परिचय
राजस्थान की वार्षिक वर्षा बहुत कम है। सदियों से जोहड़, बावड़ी, टांका, कुंड और नाड़ी जैसी पारंपरिक जल संरक्षण विधियाँ विकसित की हैं।
मुख्य तथ्य
जोहड़ अर्ध-चंद्राकार बाँध हैं। राजेंद्र सिंह (जल पुरुष) ने अलवर में जोहड़ पुनर्निर्माण अभियान चलाया। चाँद बावड़ी (दौसा) विश्व प्रसिद्ध है।
RAS Prelims में महत्व
पारंपरिक जल संरक्षण विधियों के नाम, राजेंद्र सिंह का योगदान और चाँद बावड़ी का महत्व परीक्षा में अक्सर पूछे जाते हैं।