राजस्थान के प्रमुख मंदिर
- 1
एकलिंगजी मंदिर (उदयपुर): मेवाड़ के राजवंश का कुलदेव; 8वीं सदी में बप्पा रावल द्वारा स्थापित।
- 2
ब्रह्मा मंदिर (पुष्कर): भारत का सबसे प्रसिद्ध ब्रह्मा मंदिर; वर्तमान संरचना लगभग 14वीं सदी की मानी जाती है।
- 3
सालासर बालाजी (चूरू): हनुमानजी की दाढ़ी-मूंछ वाली अनूठी प्रतिमा; अखंड ज्योति जलती है।
- 4
रणकपुर जैन मंदिर (पाली): 15वीं सदी में सेठ धरणाशाह ने महाराणा कुंभा के सहयोग से बनवाया (शिल्पी देपाक); 1444 स्तंभ; चतुर्मुख आदिनाथ मंदिर, जिसे "त्रैलोक्य दीपक" भी कहते हैं।
- 5
दिलवाड़ा मंदिर (माउंट आबू): 11वीं–13वीं सदी में निर्मित; विमल वसाही (1031) और तेजपाल मंदिर सफेद संगमर्मर से।
- 6
करणी माता मंदिर (बीकानेर): "चूहों की देवी"; हजारों चूहे पवित्र माने जाते हैं।
- 7
खाटू श्यामजी (सीकर): श्री श्याम बाबा का प्रसिद्ध मंदिर; फाल्गुन में मेला लगता है।
- 8
गोविंद देव जी मंदिर (जयपुर): राधा-गोविंद जी की प्रतिमा जो वृंदावन से लाई गई; 1735 में जय सिंह II ने बनाया।
- 9
त्रिनेत्र गणेश मंदिर (रणथंभौर दुर्ग, सवाई माधोपुर): तीन नेत्रों वाली गणेश प्रतिमा; विवाह का पहला निमंत्रण-पत्र यहां भेजने की परंपरा।
- 10
तनोट माता मंदिर (जैसलमेर): 1965 और 1971 युद्ध में चमत्कारी रूप से बम नहीं फटे; BSF की देखरेख में।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
भारत का सबसे प्रसिद्ध ब्रह्मा मंदिर कहाँ है?+
भारत का सबसे प्रसिद्ध ब्रह्मा मंदिर पुष्कर (अजमेर) में है; इसकी वर्तमान संरचना लगभग 14वीं सदी की मानी जाती है।
करणी माता मंदिर किसलिए प्रसिद्ध है?+
बीकानेर का करणी माता मंदिर "चूहों की देवी" के रूप में प्रसिद्ध है, जहाँ हजारों चूहे पवित्र माने जाते हैं।
रणकपुर जैन मंदिर किसने बनाया?+
रणकपुर जैन मंदिर (पाली) 15वीं सदी में सेठ धरणाशाह ने महाराणा कुंभा के सहयोग से बनवाया; इसके शिल्पी देपाक थे और इसमें 1444 स्तंभ हैं।