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9 जून 2026 · 9 June 2026विज्ञान⭐ परीक्षा में महत्वपूर्ण

सौर तूफान के कारण भारत के कुछ हिस्सों में औरोरा (ध्रुवीय ज्योति) दिखी

Solar Storm Makes Aurora Visible in Parts of India

जून 2026 में एक तीव्र सौर तूफान से भू-चुंबकीय हलचल इतनी तेज हुई कि भारत के कुछ हिस्सों में औरोरा (ध्रुवीय ज्योति) दिखाई दी।

मुख्य तथ्य

  • सौर तूफान से असामान्य रूप से तेज भू-चुंबकीय हलचल हुई
  • भारत के कुछ हिस्सों में औरोरा दिखा, जो इस अक्षांश के लिए असामान्य है
  • तीव्र सौर ज्वाला गतिविधि से जुड़ा
  • तेज भू-चुंबकीय तूफान उपग्रह व बिजली ग्रिड को भी बाधित कर सकते हैं
एक सौर तूफान से भू-चुंबकीय हलचल इतनी तेज हो गई कि आमतौर पर उच्च अक्षांश वाले ध्रुवीय क्षेत्रों तक सीमित रहने वाला औरोरा भारत के कुछ हिस्सों में दिखाई दिया। यह घटना पृथ्वी की ओर आवेशित कणों को भेजने वाली तीव्र सौर ज्वाला गतिविधि से जुड़ी थी। औरोरा तब बनता है जब ये आवेशित सौर कण पृथ्वी के चुंबकमंडल और वायुमंडल से टकराते हैं, जिससे आमतौर पर ध्रुवों के पास दृश्य रोशनी दिखाई देती है। भारत जैसे निचले अक्षांश पर इसका दिखना एक असामान्य रूप से तीव्र भू-चुंबकीय व्यवधान का संकेत देता है, जो उपग्रह संचार और बिजली ग्रिड तंत्रों को भी प्रभावित कर सकता है।

🎯 परीक्षा में कैसे आएगा

सौर गतिविधि, भू-चुंबकीय परिघटनाओं और अंतरिक्ष मौसम से जुड़ा यह विषय RAS प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा के विज्ञान खंड के लिए प्रासंगिक है।

📚 संबंधित स्थायी GK

औरोरा तब बनता है जब आवेशित सौर कण पृथ्वी के चुंबकमंडल और वायुमंडल से ध्रुवों के पास टकराते हैं; 1859 का कैरिंगटन इवेंट अब तक का सबसे तीव्र दर्ज भू-चुंबकीय तूफान है।

✨ RajAI— RAS Prelims Expert

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