20 अप्रैल 2026 · 20 April 2026विज्ञान
मलेरिया नियंत्रण हेतु जीन ड्राइव का उपयोग
Harnessing gene drives for malaria control
जीन ड्राइव — CRISPR-Cas9 से वंशानुक्रम नियमों को दरकिनार; मलेरिया — प्लास्मोडियम परजीवी, मादा एनोफिलीज़।
मुख्य तथ्य
- •मलेरिया नियंत्रण हेतु 'जीन ड्राइव'।
- •CRISPR-आधारित आनुवंशिक तकनीक।
- •जीन को पूरी प्रजाति-आबादी में तेज़ी से फैलाना।
- •मच्छरों को बाँझ/संचरण-अक्षम बनाना।
- •पारिस्थितिक/नैतिक/जैव-सुरक्षा जोखिम।
मलेरिया नियंत्रण हेतु 'जीन ड्राइव' (gene drives) के उपयोग की चर्चा हुई। जीन ड्राइव एक आनुवंशिक इंजीनियरिंग तकनीक (CRISPR-आधारित) है जो किसी संशोधित जीन को सामान्य आनुवंशिकता के नियमों से तेज़ी से (~50% के बजाय ~लगभग सभी संतानों में) किसी प्रजाति की पूरी आबादी में फैला देती है। मलेरिया-नियंत्रण में इसका उपयोग मलेरिया फैलाने वाले मच्छरों (एनोफिलीज़) को बाँझ बनाने या उनकी मलेरिया-संचरण क्षमता समाप्त करने हेतु प्रस्तावित है, जिससे मच्छर-आबादी या रोग-संचरण घटे। यह संभावित रूप से क्रांतिकारी है, पर इसमें पारिस्थितिक, नैतिक व जैव-सुरक्षा जोखिम (अपरिवर्तनीय प्रभाव) हैं। मलेरिया एक प्रमुख वेक्टर-जनित रोग है (WHO; SDG 3)। यह विज्ञान, जैव प्रौद्योगिकी व स्वास्थ्य से जुड़ा है।
🎯 परीक्षा में कैसे आएगा
जीन ड्राइव, CRISPR-Cas9 व मलेरिया विज्ञान/स्वास्थ्य में पूछे जाते हैं।
📚 संबंधित स्थायी GK
जीन ड्राइव — CRISPR; जीन को पूरी आबादी में तेज़ी से फैलाना। मलेरिया — एनोफिलीज़ मच्छर; वेक्टर-जनित। नैतिक/जैव-सुरक्षा जोखिम। WHO।
✨ RajAI— RAS Prelims Expert