ISRO के प्रमुख मिशन — आर्यभट्ट से गगनयान तक
Patwari के GK-India सेक्शन में "विज्ञान से जुड़ी खबरें" टैग के अंतर्गत ISRO के ऐतिहासिक मिशन बार-बार पूछे जाते हैं — आर्यभट्ट से चंद्रयान-3 व आदित्य-L1 तक की प्रमुख उपलब्धियां यहाँ एक तालिका में।
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भारत की अंतरिक्ष यात्रा
भारत का पहला उपग्रह आर्यभट्ट 1975 में सोवियत रॉकेट से प्रक्षेपित किया गया था। इसके बाद भारत ने अपने स्वयं के प्रक्षेपण यान (PSLV, GSLV) विकसित किए, जिनकी मदद से चंद्रमा, मंगल ग्रह और सूर्य तक के मिशन संभव हुए।
मंगलयान (Mars Orbiter Mission, 2013) के साथ भारत अपने पहले ही प्रयास में मंगल ग्रह की कक्षा में पहुंचने वाला विश्व का पहला देश बना। चंद्रयान-3 (2023) ने 23 अगस्त 2023 को चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव क्षेत्र के पास सफल और सुरक्षित लैंडिंग करके भारत को यह उपलब्धि हासिल करने वाला चौथा देश बना दिया — यह दिन अब "राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस" के रूप में मनाया जाता है।
ISRO के प्रमुख मिशन
| मिशन | वर्ष | उपलब्धि |
|---|---|---|
| आर्यभट्ट | 1975 | भारत का पहला उपग्रह (सोवियत रॉकेट से प्रक्षेपित) |
| चंद्रयान-1 | 2008 | भारत का पहला चंद्र मिशन; चंद्रमा पर पानी के अणुओं की पुष्टि में सहायक |
| मंगलयान (Mars Orbiter Mission) | 2013 | पहले ही प्रयास में मंगल कक्षा में पहुंचने वाला विश्व का पहला देश |
| चंद्रयान-2 | 2019 | ऑर्बिटर सफल; लैंडर "विक्रम" की सॉफ्ट लैंडिंग असफल रही |
| चंद्रयान-3 | 2023 | 23 अगस्त 2023 — चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव क्षेत्र के पास सफल सॉफ्ट लैंडिंग; भारत चौथा देश बना |
| आदित्य-L1 | 2023 (प्रक्षेपण); 6 जनवरी 2024 (L1 बिंदु पर स्थापित) | भारत का पहला समर्पित सूर्य अध्ययन मिशन |
| गगनयान | मानवरहित परीक्षण जारी (मानव मिशन लक्षित) | भारत का पहला मानव अंतरिक्ष उड़ान कार्यक्रम |
23 अगस्त को चंद्रयान-3 की सफलता की याद में "राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस (National Space Day)" मनाया जाता है।
परीक्षा टिप
मंगलयान (2013, सफल कक्षा प्रवेश) और चंद्रयान-2 (2019, लैंडर असफल पर ऑर्बिटर सफल) को आसानी से गड़बड़ाया जाता है — ध्यान रखें कि मंगलयान पूरी तरह सफल मिशन था, जबकि चंद्रयान-2 आंशिक रूप से सफल रहा (ऑर्बिटर अभी भी काम कर रहा है)।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
भारत का पहला उपग्रह कौन सा था?+
आर्यभट्ट, जिसे 1975 में सोवियत संघ के रॉकेट से प्रक्षेपित किया गया था।
चंद्रयान-3 कब सफल हुआ?+
23 अगस्त 2023 को चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव क्षेत्र के पास सफल सॉफ्ट लैंडिंग के साथ — इसी दिन को अब राष्ट्रीय अंतरिक्ष दिवस मनाया जाता है।
मंगलयान की सबसे बड़ी उपलब्धि क्या थी?+
भारत अपने पहले ही प्रयास में मंगल ग्रह की कक्षा में पहुंचने वाला विश्व का पहला देश बना (2013)।