RAS Prelims vs Mains — क्या अंतर है?
RPSC की RAS/RTS परीक्षा दो लिखित चरणों + साक्षात्कार में होती है। Prelims पास करना अनिवार्य है — Mains केवल Prelims में उत्तीर्ण अभ्यर्थी देते हैं। RAS 2026 की प्रारंभिक परीक्षा 6 दिसंबर 2026 को है।
चयन के तीन चरण
- 1प्रारंभिक परीक्षा
150 MCQ · 200 अंक · 3 घंटे · −1/3 · केवल क्वालिफाइंग
- 2मुख्य परीक्षा
4 वर्णनात्मक पेपर × 200 = 800 अंक · 3 घंटे प्रत्येक
- 3साक्षात्कार
100 अंक · अंतिम मेरिट = मुख्य + साक्षात्कार (900)
| Prelims | Mains | |
|---|---|---|
| पेपर | 1 (150 प्रश्न, सामान्य ज्ञान एवं सामान्य विज्ञान) | 4 (GS-I, GS-II, GS-III, सामान्य हिंदी व अंग्रेज़ी) + साक्षात्कार |
| प्रश्न प्रकार | MCQ (objective) | Descriptive (लिखित) |
| कुल अंक | 200 (मेरिट में नहीं जुड़ते) | 4 × 200 = 800 + 100 (साक्षात्कार) = 900 |
| समय | 3 घंटे | 3 घंटे प्रत्येक पेपर |
| नेगेटिव मार्किंग | हाँ (प्रत्येक गलत पर 1/3) | नहीं |
| भाषा | द्विभाषी प्रश्नपत्र (हिंदी + English) | प्रश्न द्विभाषी; उत्तर हिंदी या अंग्रेज़ी में (पेपर IV में भाषा-विशेष) |
| उद्देश्य | छँटनी — केवल क्वालिफाइंग | अंतिम मेरिट (मुख्य + साक्षात्कार) |
| पेपर का स्तर | सामान्य अध्ययन (तथ्यात्मक MCQ) | विस्तृत — विश्लेषणात्मक, शब्द-सीमा में उत्तर |
| RAS 2026 तिथि | 6 दिसंबर 2026 | प्रारंभिक परिणाम के बाद (तिथि घोषित नहीं) |
6 महीने का प्लान और अंतिम 8 सप्ताह की योजना
पढ़ें →4 पेपर का पैटर्न, नोट्स और PYQ
देखें →❓ अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या Prelims clear करना ज़रूरी है Mains के लिए?+
हाँ। Prelims केवल छँटनी परीक्षा है — सिर्फ उसमें उत्तीर्ण अभ्यर्थी ही Mains दे सकते हैं। Prelims के अंक अंतिम मेरिट में नहीं जुड़ते।
Prelims और Mains में कौन ज़्यादा कठिन है?+
Mains कठिन है क्योंकि वर्णनात्मक है — आपको शब्द-सीमा में विस्तृत उत्तर लिखने होते हैं। Prelims MCQ-आधारित है, इसलिए विकल्प हटाने की तकनीक काम करती है।
क्या नेगेटिव मार्किंग Mains में भी है?+
नहीं। नेगेटिव मार्किंग केवल Prelims में है (1/3 अंक प्रत्येक गलत उत्तर पर)। Mains में लिखित वर्णनात्मक पेपर हैं, इसलिए कोई कटौती नहीं।
Mains के बाद Interview कब होता है?+
Mains के परिणाम के बाद RPSC सफल अभ्यर्थियों को साक्षात्कार (व्यक्तित्व परीक्षण) के लिए बुलाता है। साक्षात्कार 100 अंक का होता है; अंतिम मेरिट 900 (800 + 100) में बनती है।
क्या Prelims और Mains का syllabus एक जैसा है?+
काफी हद तक हाँ। Mains का पाठ्यक्रम Prelims का विस्तार है, लेकिन प्रश्न विश्लेषणात्मक और मत-आधारित होते हैं। सामान्य हिंदी व सामान्य अंग्रेज़ी का अलग पेपर (पेपर IV) है।
तैयारी अभी शुरू करें
पहले Prelims qualify करें — फिर Mains के लिए focus करें।