CET पाठ्यक्रम — चौदह विषय, जैसे विज्ञापन में दर्ज हैं
CET का पाठ्यक्रम विज्ञापन में एक सूची के रूप में है — चौदह विषय, एक के बाद एक, बिना किसी प्रश्न-संख्या के। यह पृष्ठ वही सूची उसी क्रम में रखता है, और साथ में यह भी बताता है कि हर विषय में पढ़ने लायक क्या है, बिना कोई आँकड़ा गढ़े।
- स्नातक: 14 विषय
- 12वीं: 12 विषय
- एक ही संयुक्त पंक्ति
- विषयवार प्रश्न-संख्या अप्रकाशित (दोनों स्तर)
पाठ्यक्रम विज्ञापन में किस रूप में है
विज्ञापन में पाठ्यक्रम एक तालिका के भीतर है, पर वह तालिका वैसी नहीं है जैसी अधिकांश अभ्यर्थी अपेक्षा करते हैं। उसमें प्रश्न-पत्र की एक ही पंक्ति है — 150 प्रश्न, 300 अंक, 3 घंटे — और उसके सामने एक ही कोष्ठक में चौदहों विषय एक साथ लिखे हैं। न किसी विषय के आगे प्रश्न-संख्या है, न अंक, न अलग समय।
इसलिए इस पृष्ठ पर आपको विषयों की सूची मिलेगी और यह मिलेगा कि हर विषय के भीतर किन बातों पर काम करना है, पर विषयवार प्रश्न-संख्या नहीं मिलेगी — क्योंकि वह बोर्ड ने दी ही नहीं। जो सूची नीचे है, वह विज्ञापन के क्रम में है, हमारे सुविधा-क्रम में नहीं।
पाठ्यक्रम के चौदह विषय — विज्ञापन के क्रम में
| क्रम | विषय |
|---|---|
| 1 | भारत और राजस्थान का इतिहास |
| 2 | राजस्थान का इतिहास, कला, संस्कृति, साहित्य, परंपरा और विरासत |
| 3 | भारत का भूगोल |
| 4 | राजस्थान का भूगोल |
| 5 | राजस्थान के विशेष संदर्भ में भारतीय राजनीतिक व्यवस्था |
| 6 | भारत की अर्थव्यवस्था |
| 7 | राजस्थान की अर्थव्यवस्था |
| 8 | विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी |
| 9 | तार्किक विवेचन एवं गणित |
| 10 | समसामयिक घटनाएं एवं नागरिक कर्तव्य |
| 11 | जन स्वास्थ्य |
| 12 | कंप्यूटर की जानकारी |
| 13 | सामान्य हिन्दी |
| 14 | सामान्य अंग्रेज़ी |
विषयों के नाम और उनका क्रम आधिकारिक विज्ञापन से लिया गया है। प्रत्येक विषय के लिए प्रश्नों की संख्या विज्ञापन में नहीं दी गई।[स्रोत 1]
वरिष्ठ माध्यमिक (12वीं) स्तर के बारह विषय — विज्ञापन के क्रम में
| क्रम | विषय |
|---|---|
| 1 | राजस्थान का इतिहास |
| 2 | राजस्थान की कला और संस्कृति |
| 3 | भारत का भूगोल |
| 4 | राजस्थान का भूगोल |
| 5 | राजस्थान के विशेष संदर्भ में भारतीय राजनीतिक व्यवस्था |
| 6 | राजस्थान की अर्थव्यवस्था |
| 7 | दैनिक विज्ञान |
| 8 | तार्किक विवेचन एवं गणित |
| 9 | समसामयिक घटनाएं |
| 10 | जन स्वास्थ्य |
| 11 | कंप्यूटर की जानकारी |
| 12 | सामान्य हिन्दी एवं अंग्रेजी |
वरिष्ठ माध्यमिक (12वीं) स्तर के विज्ञापन संख्या 08/2026, दिनांक 23-06-2026 में दर्ज बारह विषय। यहाँ भी किसी विषय के आगे प्रश्नों की संख्या नहीं दी गई, और भाषा 'सामान्य हिन्दी एवं अंग्रेजी' के रूप में एक ही संयुक्त प्रविष्टि है — उसके आगे भी कोई संख्या नहीं।[स्रोत 2]
14 विषय — चार समूहों में
CET स्नातक स्तर — 14 विषय
इतिहास व भूगोल
- भारत और राजस्थान का इतिहास
- राजस्थान का इतिहास, कला, संस्कृति, साहित्य, परंपरा व विरासत
- भारत का भूगोल
- राजस्थान का भूगोल
राजनीति व अर्थव्यवस्था
- राजस्थान के विशेष संदर्भ में भारतीय राजनीतिक व्यवस्था
- भारत की अर्थव्यवस्था
- राजस्थान की अर्थव्यवस्था
विज्ञान, तर्क व समसामयिकी
- विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी
- तार्किक विवेचन एवं गणित
- समसामयिक घटनाएं एवं नागरिक कर्तव्य
- जन स्वास्थ्य
भाषा व कंप्यूटर
- कंप्यूटर की जानकारी
- सामान्य हिन्दी
- सामान्य अंग्रेज़ी
विषयवार प्रश्न-संख्या — सीधा उत्तर
आधिकारिक विज्ञापन में किसी भी विषय के आगे प्रश्नों की संख्या नहीं दी गई है। इसलिए 'भाषा खंड में 22 प्रश्न और 44 अंक', 'इतिहास से इतने प्रश्न', 'कंप्यूटर से इतने' — इस तरह के जितने भी विभाजन तैयारी-वेबसाइटों पर मिलते हैं, वे अनौपचारिक हैं। वे पुराने प्रश्न-पत्रों की गिनती पर आधारित हो सकते हैं, पर बोर्ड ने उन्हें प्रकाशित नहीं किया है। हम उन्हें आँकड़े की तरह नहीं लिखते।
चौदह विषयों को कैसे बाँटकर देखें
राजस्थान-केंद्रित समूह
राजस्थान का इतिहास-कला-संस्कृति-साहित्य-परंपरा-विरासत, राजस्थान का भूगोल, राजस्थान की अर्थव्यवस्था और राजनीतिक व्यवस्था का राजस्थान-संदर्भ — यह समूह पाठ्यक्रम में सबसे अधिक जगह घेरता है और राज्य की लगभग हर भर्ती में दोहराया जाता है। इसलिए CET की तैयारी का केंद्र यही है, चाहे प्रश्न-संख्या प्रकाशित न हो।
भारत-स्तरीय समूह
भारत का इतिहास, भारत का भूगोल, भारतीय राजनीतिक व्यवस्था और भारत की अर्थव्यवस्था। यह वही आधार है जो अन्य राष्ट्रीय परीक्षाओं में भी काम आता है, इसलिए यदि आप साथ-साथ कोई दूसरी तैयारी कर रहे हैं तो यह समूह दोहरा लाभ देता है।
कौशल-आधारित समूह
तार्किक विवेचन एवं गणित, तथा कंप्यूटर की जानकारी। ये याद करने वाले विषय नहीं, अभ्यास वाले विषय हैं — इनमें प्रतिदिन थोड़ा समय देना एक बार लंबा समय देने से कहीं अधिक काम करता है, और इनमें सुधार सबसे तेजी से दिखता है।
भाषा समूह
सामान्य हिन्दी और सामान्य अंग्रेज़ी। दोनों पाठ्यक्रम में नाम से दर्ज हैं। इनकी विस्तृत विषय-सूची और पढ़ने का क्रम हमारे अलग पृष्ठों पर है — नीचे उनके लिंक हैं।
शेष दो विषय
समसामयिक घटनाएं एवं नागरिक कर्तव्य, तथा जन स्वास्थ्य। जन स्वास्थ्य को अक्सर अनदेखा कर दिया जाता है क्योंकि यह अन्य परीक्षाओं में कम मिलता है, जबकि यह विज्ञापन में नाम से दर्ज एक स्वतंत्र विषय है। समसामयिक घटनाओं की तैयारी निरंतर चलनी चाहिए, अंत में नहीं।
भाषा के दोनों विषय — पूरी विषय-सूची
वरिष्ठ माध्यमिक (12वीं) स्तर का पाठ्यक्रम
वरिष्ठ माध्यमिक (12वीं) स्तर का पाठ्यक्रम विज्ञापन संख्या 08/2026, दिनांक 23-06-2026 में बारह विषयों की सूची के रूप में दर्ज है — ऊपर की दूसरी तालिका में वही सूची उसी क्रम में है। उस स्तर का प्रश्न-पत्र 120 प्रश्न, 240 अंक और 2 घंटे 30 मिनट का है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि विषयवार प्रश्न-संख्या किसी भी स्तर पर प्रकाशित नहीं की गई — न स्नातक स्तर पर, न वरिष्ठ माध्यमिक स्तर पर। दोनों विज्ञापनों में सारे विषय एक ही पंक्ति के सामने एक साथ लिखे हैं, और 12वीं स्तर पर तो भाषा भी 'सामान्य हिन्दी एवं अंग्रेजी' नाम की एक ही संयुक्त प्रविष्टि है, जिसके आगे कोई संख्या नहीं है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
CET के पाठ्यक्रम में कितने विषय हैं?+
स्नातक स्तर के विज्ञापन में चौदह विषय दर्ज हैं और वरिष्ठ माध्यमिक (12वीं) स्तर के विज्ञापन में बारह — दोनों सूचियाँ ऊपर अलग-अलग तालिकाओं में, विज्ञापन के अपने क्रम में दी गई हैं।
किस विषय से कितने प्रश्न आते हैं?+
यह विज्ञापन में प्रकाशित नहीं है। सभी विषय 150 प्रश्न / 300 अंक वाली एक ही पंक्ति के सामने एक साथ लिखे हैं।
क्या किसी विषय को छोड़ा जा सकता है?+
जब विषयवार प्रश्न-संख्या प्रकाशित ही नहीं है, तब किसी विषय को छोड़ना अनुमान पर टिका निर्णय है। जन स्वास्थ्य जैसे कम चर्चित विषय भी पाठ्यक्रम में उतने ही नाम से दर्ज हैं जितने इतिहास या भूगोल।
क्या पाठ्यक्रम में भाषा अलग खंड है?+
सामान्य हिन्दी और सामान्य अंग्रेज़ी दोनों पाठ्यक्रम की विषय-सूची में नाम से दर्ज हैं, पर इनके लिए अलग समय या अलग प्रश्न-संख्या विज्ञापन में नहीं दी गई।