BEE मानक व लेबलिंग कार्यक्रम
2 जनवरी 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
याद रखें · एक पंक्ति में
S&L कार्यक्रम — उपकरणों की ऊर्जा दक्षता हेतु स्टार रेटिंग (1-5 स्टार)।
क्या हुआ
BEE का 'मानक व लेबलिंग कार्यक्रम' (Standards and Labelling Programme) की चर्चा हुई। ऊर्जा दक्षता ब्यूरो (BEE) का 'स्टार लेबलिंग' कार्यक्रम विभिन्न उपकरणों (AC, रेफ्रिजरेटर, पंखे, गीज़र, LED, ट्रांसफॉर्मर आदि) को उनकी ऊर्जा-दक्षता के आधार पर 1 से 5 'स्टार' रेटिंग देता है (5-स्टार = सर्वाधिक ऊर्जा-कुशल, कम बिजली-खपत)। यह उपभोक्ताओं को सूचित विकल्प चुनने, बिजली-बिल बचाने व निर्माताओं को अधिक कुशल उत्पाद बनाने हेतु प्रेरित करता है। इससे ऊर्जा-संरक्षण, कार्बन उत्सर्जन में कमी व ऊर्जा-सुरक्षा बढ़ती है। यह ऊर्जा संरक्षण अधिनियम 2001, नेट ज़ीरो (2070) व जलवायु-कार्रवाई से जुड़ता है। यह अर्थव्यवस्था, ऊर्जा व पर्यावरण से जुड़ता है। यह अर्थव्यवस्था से जुड़ा है।
मुख्य तथ्य
- 1BEE मानक व लेबलिंग (स्टार लेबलिंग) कार्यक्रम।
- 2उपकरणों को ऊर्जा-दक्षता पर 1-5 स्टार रेटिंग।
- 35-स्टार = सर्वाधिक कुशल, कम बिजली-खपत।
- 4उपभोक्ता-विकल्प; बिजली-बिल बचत; ऊर्जा-संरक्षण।
- 5ऊर्जा संरक्षण अधिनियम 2001; नेट ज़ीरो; जलवायु-कार्रवाई।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
BEE, स्टार लेबलिंग व ऊर्जा दक्षता अर्थव्यवस्था/पर्यावरण में पूछे जाते हैं।
स्थायी GK: BEE स्टार लेबलिंग — उपकरणों को 1-5 स्टार (ऊर्जा-दक्षता); 5-स्टार सर्वाधिक कुशल। बिजली-बचत; ऊर्जा-संरक्षण अधिनियम 2001; नेट ज़ीरो।