14 फरवरी 2026 · 14 February 2026
रेगिस्तानी धूल के जीवाणुओं का हिमालयी स्वास्थ्य पर प्रभाव
Desert dust bacteria's impact on Himalayan health
मरुस्थलीय धूल के जीवाणुओं का हिमालयी स्वास्थ्य पर प्रभाव संबंधी अध्ययन की चर्चा हुई। धूल-तूफ़ान (विशेषकर थार, अरब व सहारा रेगिस्तानों से) वायुमंडल के माध्यम से लंबी दूरी तक धूल-कण व उन पर मौजूद सूक्ष्मजीवों (जीवाणु, कवक, बीजाणु) को ले जाते हैं, जो हिमालयी क्षेत्रों में जमा हो सकते हैं। यह हिम/ग्लेशियर के पिघलने (धूल से एल्बिडो/परावर्तन घटने), पारिस्थितिकी-तंत्र, मृदा-सूक्ष्मजीव संतुलन व मानव/पादप स्वास्थ्य (कुछ रोगजनक/प्रतिरोधी जीवाणुओं का स्थानांतरण) को प्रभावित कर सकता है। यह जलवायु परिवर्तन, वायुमंडलीय परिवहन व 'एक स्वास्थ्य' (One Health — मानव-पशु-पर्यावरण स्वास्थ्य का अंतर्संबंध) दृष्टिकोण से जुड़ता है। यह पर्यावरण व विज्ञान से जुड़ा है। यह पर्यावरण से जुड़ा है।
✨ RajAI— RAS Prelims Expert