मुख्य सामग्री पर जाएं
3 फरवरी 2026 · 3 February 2026

ट्रांसजेंडर स्वास्थ्य सेवा हेतु विशेषज्ञ समिति

Expert panel for transgender healthcare

विशेषज्ञ समिति — ट्रांसजेंडर व्यक्तियों हेतु लिंग-पुष्टि देखभाल व स्वास्थ्य सेवा मानक।

मुख्य तथ्य

  • ट्रांसजेंडर स्वास्थ्य-सेवा हेतु विशेषज्ञ-समिति।
  • ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकार संरक्षण) अधिनियम, 2019।
  • समावेशी, संवेदनशील, सुलभ स्वास्थ्य-सेवा।
  • NALSA निर्णय 2014 (अनुच्छेद 14, 21)।
  • सामाजिक न्याय; समावेशन; आयुष्मान भारत कवरेज।
ट्रांसजेंडर स्वास्थ्य-सेवा हेतु विशेषज्ञ-समिति की चर्चा हुई। ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को स्वास्थ्य-सेवा में विशिष्ट आवश्यकताओं व बाधाओं (भेदभाव, संवेदनशीलता की कमी, विशेष चिकित्सा-ज़रूरतें) का सामना करना पड़ता है। 'ट्रांसजेंडर व्यक्ति (अधिकारों का संरक्षण) अधिनियम, 2019' उनके अधिकारों, गैर-भेदभाव व कल्याण की रक्षा करता है। एक विशेषज्ञ-समिति आमतौर पर ट्रांसजेंडर-समावेशी, संवेदनशील व सुलभ स्वास्थ्य-सेवा (परामर्श, चिकित्सा, बीमा-कवरेज, प्रशिक्षण) के लिए नीति/दिशानिर्देश बनाने हेतु गठित की जाती है (आयुष्मान भारत के तहत कवरेज सहित)। यह सामाजिक न्याय, समावेशन, मौलिक अधिकार (अनुच्छेद 14, 21; NALSA निर्णय 2014) व स्वास्थ्य से जुड़ा है। यह राजव्यवस्था से जुड़ा है। (यह एक संवेदनशील विषय है; प्रविष्टि सम्मानजनक व तथ्यात्मक है।)

🎯 परीक्षा में कैसे आएगा

ट्रांसजेंडर अधिकार, स्वास्थ्य सेवा व NALSA राजव्यवस्था में पूछे जाते हैं।

📚 संबंधित स्थायी GK

ट्रांसजेंडर स्वास्थ्य विशेषज्ञ-समिति — समावेशी, सुलभ स्वास्थ्य-सेवा नीति। ट्रांसजेंडर अधिनियम 2019; NALSA निर्णय 2014 (अनुच्छेद 14,21)। आयुष्मान भारत।

✨ RajAI— RAS Prelims Expert

संबंधित समसामयिकी