भारत की समुद्री रणनीति
14 जनवरी 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
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समुद्री रणनीति — हिंद महासागर में 'नेट सुरक्षा प्रदाता'; नौसैनिक क्षमता व कूटनीति।
क्या हुआ
भारत की समुद्री (maritime) रणनीति की चर्चा हुई। एक प्रायद्वीपीय देश के रूप में (~7,500 किमी तटरेखा), भारत के आर्थिक, ऊर्जा व सुरक्षा हित हिंद महासागर क्षेत्र (IOR) से गहराई से जुड़े हैं, जहाँ से उसका अधिकांश व्यापार व तेल आयात गुज़रता है। भारत की समुद्री रणनीति में शामिल हैं — मज़बूत नौसेना, 'नेट सिक्योरिटी प्रोवाइडर' की भूमिका, SAGAR/MAHASAGAR दृष्टि, नीली अर्थव्यवस्था (ब्लू इकोनॉमी), बंदरगाह विकास (सागरमाला), समुद्री क्षेत्र जागरूकता व चीन के बढ़ते प्रभाव का प्रतिसंतुलन। यह QUAD, IPMDA व क्षेत्रीय साझेदारियों से जुड़ता है। यह राष्ट्रीय सुरक्षा, व्यापार व रणनीतिक स्वायत्तता से जुड़ा है।
मुख्य तथ्य
- 1भारत की समुद्री रणनीति।
- 2~7,500 किमी तटरेखा; हिंद महासागर पर निर्भरता।
- 3मज़बूत नौसेना; 'नेट सिक्योरिटी प्रोवाइडर'।
- 4SAGAR/MAHASAGAR; नीली अर्थव्यवस्था; सागरमाला।
- 5चीन प्रतिसंतुलन; QUAD; IPMDA।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
समुद्री रणनीति, SAGAR/MAHASAGAR व हिंद महासागर रक्षा में महत्वपूर्ण हैं।
स्थायी GK: भारत — ~7,500 किमी तटरेखा; हिंद महासागर (IOR)। SAGAR/MAHASAGAR; नीली अर्थव्यवस्था; सागरमाला। QUAD; IPMDA। 'नेट सिक्योरिटी प्रोवाइडर'।