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अंतर्राष्ट्रीय

कैलाश यात्रा मार्ग पर भारत-नेपाल सीमा तनाव

5 मई 2026 · Raj Study संपादकीय टीम

याद रखें · एक पंक्ति में

विवाद — काला पानी-लिम्पियाधुरा-लिपुलेख; आधार सुगौली संधि (1816) की व्याख्या व महाकाली नदी का उद्गम।

क्या हुआ

कैलाश यात्रा मार्ग को लेकर भारत-नेपाल सीमा पर तनाव चर्चा में रहा। यह विवाद लिपुलेख-कालापानी-लिम्पियाधुरा क्षेत्र से जुड़ा है, जिसे भारत व नेपाल दोनों अपना दावा करते हैं। यह क्षेत्र उत्तराखंड (पिथौरागढ़) में कैलाश-मानसरोवर यात्रा मार्ग के निकट रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है (भारत-नेपाल-चीन त्रिकोणीय बिंदु)। 2020 में नेपाल ने इन क्षेत्रों को अपने नक्शे में शामिल किया था। भारत-नेपाल के घनिष्ठ सांस्कृतिक-धार्मिक संबंध हैं, पर सीमा-सीमांकन व नदी आधारित सीमाएँ विवाद का कारण बनती हैं।

मुख्य तथ्य

  1. 1कैलाश यात्रा मार्ग पर भारत-नेपाल सीमा तनाव।
  2. 2विवादित — लिपुलेख, कालापानी, लिम्पियाधुरा।
  3. 3उत्तराखंड (पिथौरागढ़); भारत-नेपाल-चीन त्रिकोणीय बिंदु।
  4. 42020 — नेपाल ने नक्शे में शामिल किया।
  5. 51950 शांति व मैत्री संधि; खुली सीमा।

परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है

सुगौली संधि, सीमा विवाद व गुजराल सिद्धांत अंतरराष्ट्रीय में महत्वपूर्ण हैं।

स्थायी GK: विवादित क्षेत्र — लिपुलेख, कालापानी, लिम्पियाधुरा (उत्तराखंड)। काली/महाकाली नदी — सीमा। भारत-नेपाल — 1950 शांति व मैत्री संधि; खुली सीमा।

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