टियर-2, टियर-3 शहरों के लिए कई मेट्रो रेल परियोजनाएं मंजूर
2 जून 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
याद रखें · एक पंक्ति में
जून 2026 में, शहरी सार्वजनिक परिवहन सुधारने व भीड़भाड़ कम करने हेतु टियर-2 व टियर-3 शहरों में कई मेट्रो रेल परियोजनाएं मंजूर की गईं।
क्या हुआ
सरकार ने शहरी सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के प्रयासों के तहत टियर-2 व टियर-3 शहरों में कई मेट्रो रेल परियोजनाओं को मंजूरी दी। इस विस्तार से तेजी से बढ़ते शहरी केंद्रों में सड़क की भीड़ व वाहन प्रदूषण में कमी आने की उम्मीद है।
मुख्य तथ्य
- 1मंजूरी टियर-2 व टियर-3 शहरों को कवर करती है
- 2लक्ष्य: शहरी सार्वजनिक परिवहन मजबूत करना
- 3सड़क भीड़भाड़ में कमी की उम्मीद
- 4वाहन प्रदूषण में कमी की उम्मीद
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
राष्ट्रीय मेट्रो रेल नीति 2017 के अनुसार मेट्रो तभी स्वीकृत होती है जब कम लागत वाला विकल्प (BRTS आदि) अपर्याप्त हो — यह तथ्य याद रखें।
स्थायी GK: भारत की पहली मेट्रो रेल कोलकाता (1984) में शुरू हुई; मेट्रो रेल (निर्माण, संचालन एवं रखरखाव) अधिनियम, 2002 तथा राष्ट्रीय मेट्रो रेल नीति, 2017 मेट्रो विस्तार को नियंत्रित करते हैं।