पीएम स्मृति चिह्न ई-नीलामी 2026 में राजस्थान की कला और विरासत
27 सितंबर 2026 · Raj Study संपादकीय टीम · सरकारी स्रोत से तथ्य मिलाए गए
याद रखें · एक पंक्ति में
पीएम स्मृति चिह्न ई-नीलामी 2026 के 8वें संस्करण में राजस्थान की लोक परंपराओं, कला और विरासत को दर्शाने वाली 37 कलाकृतियाँ 2 अक्टूबर 2026 तक नीलामी के लिए उपलब्ध हैं।
क्या हुआ
पीएम स्मृति चिह्न ई-नीलामी 2026 के 8वें संस्करण में राजस्थान की सांस्कृतिक विरासत को दर्शाने वाली 37 कलाकृतियाँ शामिल हैं। संग्रह में हस्तनिर्मित अम्बाबाड़ी हाथी हौदे के साथ, वीर तेजाजी महाराज की चांदी की प्रतिमा, नाथद्वारा से श्रीनाथजी के पिछवाई चित्र, लक्ष्मी-नारायण का फड़ चित्र और कृष्ण रास लीला की पट्टचित्र शैली की कलाकृति शामिल हैं। अजमेर शरीफ दरगाह, करौली की कैला माता, सुंधा माता, बायतु के खेमा बाबा, पुष्कर का ब्रह्मा मंदिर और बांसवाड़ा के मानगढ़ धाम के चित्रण भी संग्रह में हैं। पारंपरिक पगड़ी, गोटा बॉर्डर वाले अंगवस्त्र और अयोध्या राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा से संबंधित समाचार पत्र संस्करण भी शामिल हैं। यह नीलामी 2 अक्टूबर 2026 तक pmmementos.gov.in पर उपलब्ध है।
मुख्य तथ्य
- 1पीएम स्मृति चिह्न ई-नीलामी 2026 का 8वां संस्करण 2 अक्टूबर 2026 तक चलेगा।
- 2राजस्थान से कुल 37 कलाकृतियाँ नीलामी में शामिल हैं।
- 3संग्रह में नाथद्वारा के श्रीनाथजी के पिछवाई चित्र और फड़ चित्रकला शामिल हैं।
- 4वीर तेजाजी महाराज की चांदी की प्रतिमा घोड़े पर भाला और सर्प प्रतीक के साथ प्रदर्शित है।
- 5पुष्कर का ब्रह्मा मंदिर, बांसवाड़ा का मानगढ़ धाम और करौली की कैला माता का प्रतिनिधित्व शामिल है।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
पीएम स्मृति चिह्न ई-नीलामी 2026 में राजस्थान की कौन-कौन सी पारंपरिक कला शैलियाँ या धार्मिक स्थल शामिल हैं?
स्थायी GK: नाथद्वारा (राजसमंद जिला) में श्रीनाथजी मंदिर की स्थापना 1672 में हुई थी।