आरबीआई की राष्ट्रीय वित्तीय समावेशन रणनीति (एनएसएफआई) 2025-30
4 दिसंबर 2025 · Raj Study संपादकीय टीम
याद रखें · एक पंक्ति में
दिसंबर 2025 में भारतीय रिज़र्व बैंक ने 'पंच-ज्योति' नाम से पांच रणनीतिक लक्ष्यों वाली राष्ट्रीय वित्तीय समावेशन रणनीति (एनएसएफआई) 2025-30 जारी की।
क्या हुआ
रणनीति का उद्देश्य वित्तीय सेवाओं की अंतिम छोर तक पहुंच सुनिश्चित करना और उनके उपयोग, गुणवत्ता व स्थिरता में सुधार लाना है। 'पंच-ज्योति' के तहत पांच लक्ष्य तय किए गए हैं, जो परिवारों, महिलाओं, सूक्ष्म उद्यमों और वंचित वर्गों को केंद्र में रखते हैं।
मुख्य तथ्य
- 1परिवारों और सूक्ष्म उद्यमों के लिए किफायती व जिम्मेदार वित्तीय सेवाओं की उपलब्धता और उपयोग बढ़ाना मुख्य लक्ष्य है।
- 2महिला-नेतृत्व वाले वित्तीय समावेशन के लिए लैंगिक-संवेदनशील दृष्टिकोण और कमजोर/वंचित वर्गों के लिए अलग रणनीतियां अपनाई जाएंगी।
- 3वित्तीय शिक्षा से अनुशासन को बढ़ावा देना और उपभोक्ता संरक्षण-शिकायत निवारण तंत्र को मजबूत करना भी इसमें शामिल है।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
GS-3 समावेशी विकास के लिए उपयोगी — वित्तीय समावेशन नीतियों की समयरेखा (जन धन योजना से एनएसएफआई तक) पर प्रश्न संभव।
स्थायी GK: आरबीआई भारत का केंद्रीय बैंक है, जो मौद्रिक नीति, बैंकिंग विनियमन और वित्तीय स्थिरता के लिए जिम्मेदार है; इससे पहले एनएसएफआई 2019-24 लागू थी।