मुख्य सामग्री पर जाएं
राष्ट्रीय · अर्थव्यवस्था

राज्य वित्त: 2025-26 के बजटों का अध्ययन

30 जनवरी 2026 · Raj Study संपादकीय टीम

याद रखें · एक पंक्ति में

रिपोर्ट — RBI द्वारा राज्यों के बजट का वार्षिक विश्लेषण; राजकोषीय घाटा, ऋण, पूंजीगत व्यय।

क्या हुआ

'राज्य वित्त: 2025-26 के बजटों का अध्ययन' रिपोर्ट चर्चा में रही। भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) यह वार्षिक रिपोर्ट जारी करता है, जो भारत के राज्यों की राजकोषीय स्थिति का व्यापक विश्लेषण प्रस्तुत करती है — राजस्व व व्यय, राजकोषीय/राजस्व घाटा, ऋण व GSDP अनुपात, पूँजीगत व्यय, सब्सिडी/मुफ्त उपहार व राजकोषीय अनुशासन। राज्य सार्वजनिक व्यय (स्वास्थ्य, शिक्षा, अवसंरचना) में बड़ी भूमिका निभाते हैं, इसलिए उनका राजकोषीय स्वास्थ्य राष्ट्रीय विकास के लिए महत्वपूर्ण है। यह राजकोषीय संघवाद, FRBM, वित्त आयोग व सहकारी संघवाद से जुड़ा है।

मुख्य तथ्य

  1. 1'राज्य वित्त: 2025-26 बजटों का अध्ययन' रिपोर्ट।
  2. 2RBI द्वारा वार्षिक; राज्यों की राजकोषीय स्थिति।
  3. 3राजस्व/व्यय, घाटा, ऋण-GSDP अनुपात।
  4. 4पूँजीगत व्यय; सब्सिडी; राजकोषीय अनुशासन।
  5. 5राजकोषीय संघवाद; FRBM; वित्त आयोग।

परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है

राज्य वित्त, राजकोषीय संघवाद व RBI रिपोर्ट अर्थव्यवस्था में पूछे जाते हैं।

स्थायी GK: राज्य वित्त रिपोर्ट — RBI वार्षिक। राजकोषीय/राजस्व घाटा; ऋण-GSDP अनुपात। FRBM; वित्त आयोग। राजकोषीय संघवाद।

इसी विषय पर और

इस विषय को और गहराई से पढ़ें