विश्व की प्रवासी प्रजातियों की स्थिति
9 मार्च 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
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रिपोर्ट — CMS परिशिष्टों में सूचीबद्ध कई प्रवासी प्रजातियां विलुप्ति के जोखिम में।
क्या हुआ
'विश्व की प्रवासी प्रजातियों की स्थिति' (State of the World's Migratory Species) रिपोर्ट की चर्चा हुई। यह प्रवासी प्रजातियों पर बॉन कन्वेंशन (CMS) के तहत जारी पहली व्यापक वैश्विक रिपोर्ट है, जो प्रवासी जानवरों (पक्षी, मछली, स्तनधारी, सरीसृप) की संरक्षण-स्थिति का आकलन करती है। प्रमुख निष्कर्ष — कई प्रवासी प्रजातियाँ विलुप्ति की ओर हैं, मुख्य खतरे — आवास-हानि व विखंडन, अति-दोहन (शिकार/मछली पकड़ना), प्रदूषण, जलवायु परिवर्तन व प्रवास-मार्ग में बाधाएँ। रिपोर्ट 'पारिस्थितिक संपर्क' (ecological connectivity) व अंतर-देशीय सहयोग की आवश्यकता पर ज़ोर देती है। भारत CMS का पक्षकार है। यह पर्यावरण व जैव विविधता से जुड़ा है।
मुख्य तथ्य
- 1'विश्व की प्रवासी प्रजातियों की स्थिति' रिपोर्ट।
- 2CMS (बॉन कन्वेंशन) की पहली वैश्विक रिपोर्ट।
- 3कई प्रवासी प्रजातियाँ विलुप्ति की ओर।
- 4खतरे — आवास-हानि, अति-दोहन, प्रदूषण, जलवायु।
- 5पारिस्थितिक संपर्क; भारत CMS पक्षकार।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
CMS, प्रवासी प्रजातियां व परिशिष्ट I/II पर्यावरण में पूछे जाते हैं।
स्थायी GK: प्रवासी प्रजाति स्थिति रिपोर्ट — CMS (बॉन कन्वेंशन); पहली वैश्विक। खतरे — आवास-हानि, अति-दोहन, जलवायु। पारिस्थितिक संपर्क। भारत पक्षकार।