26 अगस्त 2026 · 26 August 2026विज्ञान
गन्ने की खेती और रोग प्रबंधन
Sugarcane Cultivation and Disease Management
गन्ना उष्णकटिबंधीय फसल है जिसमें लाल सड़न और शीर्ष बेधक रोग मुख्य खतरे हैं।
मुख्य तथ्य
- •भारत लगभग 5.5 मिलियन हेक्टेयर से 490-500 मिलियन टन गन्ना उत्पादित करता है
- •गन्ने को 20-30°C, 75-150 सेमी वर्षा और तेज धूप की आवश्यकता
- •भारत में 4 मुख्य बुवाई मौसम हैं—खरीफ, बसंत, अडसली और एक्सली
- •लाल सड़न और शीर्ष बेधक रोग पैदावार को गंभीरता से प्रभावित करते हैं
गन्ना एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक फसल है जो भारत में लगभग 5.5 मिलियन हेक्टेयर क्षेत्र में उगाई जाती है और वार्षिक 490-500 मिलियन टन उत्पादन देती है। यह उष्णकटिबंधीय और उपोष्णकटिबंधीय फसल है जिसे 20-30°C तापमान, 75-150 सेमी वर्षा, तेज धूप और पकने के दौरान ठंडा, सूखा मौसम आवश्यक है। भारत में खरीफ (अक्टूबर-नवंबर), बसंत (फरवरी-मार्च), अडसली (जुलाई-अगस्त) और एक्सली (जनवरी-फरवरी) मौसमों में बुवाई होती है। खेती में गहरी गुड़ाई, रोग-मुक्त गन्ने के टुकड़े, ऊतक संस्कृति, ड्रिप सिंचाई आदि का उपयोग होता है। लाल सड़न (Red Rot) और शीर्ष बेधक (Top Borer) प्रमुख रोग हैं जो पैदावार को गंभीरता से प्रभावित करते हैं, जैसा कि महाराष्ट्र में 2026 में देखा गया।
🎯 परीक्षा में कैसे आएगा
RAS परीक्षा में कृषि विज्ञान, फसल प्रबंधन और कीट रोग नियंत्रण समझना महत्वपूर्ण।
📚 संबंधित स्थायी GK
उत्तर प्रदेश भारत का प्रमुख गन्ना उत्पादक राज्य है, इसके बाद महाराष्ट्र, कर्नाटक और तमिलनाडु आते हैं।
✨ RajAI— RAS Prelims Expert