5 सितंबर 2026 · 5 September 2026अर्थव्यवस्था
त्रिपुरा से NPOP-प्रमाणित जैविक चावल का निर्यात
Tripura's NPOP-Certified Organic Rice Exported to Austria and Netherlands
त्रिपुरा का जैविक चावल निर्यात किसानों को अंतर्राष्ट्रीय बाजार और उच्च मूल्य प्रदान करता है।
मुख्य तथ्य
- •18 मीट्रिक टन चावल निर्यात; चार जातीय किस्में शामिल
- •NPOP प्रमाणन से ऑस्ट्रिया और नीदरलैंड में निर्यात संभव
- •किसान उत्पादक कंपनियों द्वारा एकत्रण
- •40% तक अधिक मूल्य प्राप्ति की संभावना
कृषि और प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (APEDA) ने त्रिपुरा से 18 मीट्रिक टन NPOP-प्रमाणित जातीय चावल का निर्यात सुविधा प्रदान की। निर्यात में सुगंधित काली खस चावल, सुगंधित हरिनारायण चावल, बिरोन चावल (सफेद चिपचिपा चावल) और माइमी हंगा चावल (काला चावल) शामिल हैं। चावल स्थानीय किसान उत्पादक कंपनियों (FPCs) से एकत्र किया गया था, जिन्हें त्रिपुरा स्टेट जैविक कृषि विकास एजेंसी द्वारा समर्थित किया जाता है। APEDA ने अगस्त में आयोजित रिवर्स बायर-सेलर मीट के माध्यम से स्थानीय उत्पादकों को अंतर्राष्ट्रीय खरीदारों से जोड़ा। कृषकों को घरेलू बाजार दरों की तुलना में 40% तक अधिक मूल्य मिलने की संभावना है।
🎯 परीक्षा में कैसे आएगा
कृषि निर्यात नीति, NPOP प्रमाणन, और भारत के कृषि व्यापार का संरचना।
📚 संबंधित स्थायी GK
NPOP (National Programme for Organic Production) भारत में जैविक कृषि के लिए राष्ट्रीय मानक है।
✨ RajAI— RAS Prelims Expert