Voice की आम भूलें
सूत्र सही लगाने के बाद भी दो जगह भूल होती है — by को हर जगह घसीट लाना, और जहाँ ज़रूरत नहीं वहाँ भी passive बना देना। दोनों यहाँ समझाई गई हैं, साथ में वे पाँच बातें जो voice बदलते ही जाँच लेनी चाहिए।
भूल 1 — ‘by’ को हर जगह घसीट लाना
हिंदी में कर्मवाच्य बनाते समय हम प्रायः ‘के द्वारा’ लगाते ही हैं — ‘चोर के द्वारा ताला तोड़ा गया’। अंग्रेज़ी में यह ज़रूरी नहीं। नियम यह है कि by वाला हिस्सा तभी रखा जाता है जब यह बताना काम का हो कि काम किसने किया। यदि कर्ता अनिश्चित हो, सबको पता हो, या बात का जोर उस पर हो ही नहीं, तो by वाला हिस्सा छोड़ देना ही शुद्ध अंग्रेज़ी है। इसलिए ‘My bag has been stolen by someone’ से बेहतर और अधिक स्वाभाविक है ‘My bag has been stolen’. इसी तरह ‘Hindi is spoken in India’ में ‘by people’ जोड़ना वाक्य को भारी कर देता है। परीक्षा में जब विकल्पों में एक रूप by के साथ हो और दूसरा बिना by के, और कर्ता people, someone या they जैसा अनिश्चित हो, तो बिना by वाला विकल्प ही सही होता है।
दूसरी ओर, एक उलटी भूल भी होती है — by की जगह with लगा देना। नियम यह है कि by के बाद वह आता है जिसने काम किया, और with के बाद वह आता है जिससे काम किया गया, यानी साधन। ‘The letter was written by Ram with a pen’ — यहाँ Ram कर्ता है इसलिए by, और pen साधन है इसलिए with। ‘The glass was broken with a stone’ शुद्ध है, ‘broken by a stone’ नहीं।
by और with — कौन कहाँ लगेगा
| Passive वाक्य | शुद्ध शब्द | कारण |
|---|---|---|
| The letter was written ___ Ram. | by | Ram ने काम किया, इसलिए कर्ता |
| The letter was written ___ a pen. | with | pen साधन है, कर्ता नहीं |
| The window was broken ___ a stone. | with | पत्थर साधन है |
| The window was broken ___ the boy. | by | लड़का कर्ता है |
| The room was filled ___ smoke. | with | धुआँ भरने की सामग्री है |
| The field was ploughed ___ the farmer. | by | किसान कर्ता है |
भूल 2 — बिना ज़रूरत passive लगा देना
हिंदी में कर्मवाच्य बहुत सहजता से चलता है। हम रोज़ बोलते हैं ‘यह काम मुझसे नहीं हो पाएगा’, ‘कल बैठक रखी गई है’, ‘ऐसा कहा जाता है’। इसी आदत में छात्र अंग्रेज़ी लिखते समय भी हर दूसरे वाक्य को passive बना देता है, और लिखावट भारी तथा अस्पष्ट हो जाती है। अंग्रेज़ी का स्वभाव इसके उलट है — वहाँ active वाक्य ही सामान्य है और passive तभी आता है जब कोई ठोस कारण हो। वे कारण तीन हैं: कर्ता पता न हो, कर्ता बताना ज़रूरी न हो, या बात का जोर कर्म पर डालना हो। इसलिए ‘The work was done by me’ लिखने से पहले पूछिए कि क्या ‘I did the work’ अधिक सीधा नहीं है। परीक्षा में यह बात सीधे नहीं पूछी जाती, पर पत्र-लेखन और अनुच्छेद-लेखन में अंक इसी से बनते-बिगड़ते हैं।
Voice बदलते समय ये पाँच बातें जाँच लीजिए
पहली — क्या be का कोई रूप वाक्य में है? नहीं है तो वाक्य अशुद्ध है। दूसरी — क्या be के बाद क्रिया का तीसरा रूप आया है? दूसरा रूप आ गया हो तो तुरंत बदलिए। तीसरी — क्या be का रूप नए subject से मेल खा रहा है, पुराने से नहीं? ‘He writes letters’ का passive ‘Letters are written by him’ है, ‘is written’ नहीं। चौथी — क्या by के बाद सर्वनाम का कर्म-रूप लगाया है, यानी me, him, her, us, them? पाँचवीं — यदि वाक्य प्रश्न था तो क्या वह passive में भी प्रश्न ही रहा, और यदि आज्ञा थी तो क्या Let वाला ढाँचा बना? ये पाँच जाँचें तीस सेकंड में हो जाती हैं और लगभग हर भूल पकड़ लेती हैं।
इस भाग के अभ्यास प्रश्न
प्रश्न 1
Choose the correct passive form: The glass was broken ____ a stone.
- Aby
- Bwith
- Cfrom
- Dof
व्याख्या
by के बाद वह आता है जिसने काम किया और with के बाद वह जिससे काम हुआ। पत्थर साधन है, कर्ता नहीं, इसलिए with शुद्ध है।