परिचय
राजस्थान की चित्रकला शैलियाँ भारतीय कला के सबसे समृद्ध रूपों में से एक हैं। मेवाड़, मारवाड़, किशनगढ़, बूंदी, कोटा, जयपुर और अलवर शैली प्रमुख हैं।
मुख्य तथ्य
आनंद कुमार स्वामी ने इसे राजपूत पेंटिंग नाम से वर्गीकृत किया। किशनगढ़ शैली की बणी-ठणी पेंटिंग (चित्रकार निहालचंद) को भारतीय मोनालिसा कहते हैं। बूंदी शैली पशु-पक्षी चित्रण के लिए प्रसिद्ध है।
RAS Prelims में महत्व
बणी-ठणी और किशनगढ़ शैली, प्रमुख चित्रकार, प्रत्येक शैली की विशेषताएँ परीक्षा में अवश्य पूछे जाते हैं।
⚡ त्वरित रिवीजन — One-Liners
- •राजस्थान का एकीकरण 7 चरणों में हुआ और 30 मार्च 1949 को 'वृहत् राजस्थान' बना।
- •महाराणा प्रताप ने 1576 में हल्दीघाटी का युद्ध अकबर के सेनापति मानसिंह से लड़ा।
- •फड़ चित्रकला श्रीलालजी चितेरे जाति द्वारा बनाई जाती है; पाबूजी और देवनारायणजी की फड़ प्रसिद्ध है।
- •घूमर राजस्थान का राज्य नृत्य है और भीलों का प्रमुख नृत्य गैर है।
- •चित्तौड़गढ़ का किला राजस्थान का सबसे बड़ा किला है; इसे 'राजस्थान का गौरव' कहते हैं।