18वां राष्ट्रीय सिविल सेवा दिवस
21 अप्रैल 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
याद रखें · एक पंक्ति में
सिविल सेवा दिवस — 21 अप्रैल; सरदार पटेल के 1947 के संबोधन ('भारत का स्टील फ्रेम') की स्मृति।
क्या हुआ
18वें राष्ट्रीय लोक सेवा दिवस (21 अप्रैल) की चर्चा हुई। यह दिवस 21 अप्रैल 1947 को सरदार वल्लभभाई पटेल द्वारा अखिल भारतीय सेवाओं के परिवीक्षाधीन अधिकारियों को दिए गए ('भारत का इस्पात ढाँचा'/steel frame) ऐतिहासिक संबोधन की स्मृति में मनाया जाता है। यह दिवस सिविल सेवकों के योगदान, उत्कृष्टता व जन-सेवा की भावना को सम्मानित करता है; इस अवसर पर 'लोक प्रशासन में उत्कृष्टता हेतु प्रधानमंत्री पुरस्कार' दिए जाते हैं। सिविल सेवाएँ (अनुच्छेद 311, 312; UPSC अनुच्छेद 315) नीति-कार्यान्वयन, सुशासन व प्रशासनिक निरंतरता की रीढ़ हैं। यह राजव्यवस्था, लोक प्रशासन व सुशासन से जुड़ा है।
मुख्य तथ्य
- 118वाँ राष्ट्रीय लोक सेवा दिवस — 21 अप्रैल।
- 2सरदार पटेल का संबोधन (1947); 'इस्पात ढाँचा'।
- 3सिविल सेवकों के योगदान का सम्मान।
- 4PM पुरस्कार (लोक प्रशासन में उत्कृष्टता)।
- 5अनुच्छेद 311/312; UPSC; सुशासन।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
सिविल सेवा दिवस, PMAEPA व मिशन कर्मयोगी राजव्यवस्था में पूछे जाते हैं।
स्थायी GK: राष्ट्रीय लोक सेवा दिवस — 21 अप्रैल। सरदार पटेल — 'इस्पात ढाँचा' (1947)। PM पुरस्कार (लोक प्रशासन)। अनुच्छेद 311/312; UPSC।