मुख्य सामग्री पर जाएं
राष्ट्रीय · राजव्यवस्था

भारत में प्रधानमंत्री के कार्यकाल पर बहस

9 अप्रैल 2026 · Raj Study संपादकीय टीम

याद रखें · एक पंक्ति में

संविधान PM हेतु कोई निश्चित कार्यकाल-सीमा नहीं देता; लोकसभा का विश्वास ही आधार।

क्या हुआ

भारत में प्रधानमंत्री के कार्यकाल (tenure/term limits) पर बहस चर्चा में रही। भारत के संविधान में प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री के लिए कार्यकाल की कोई सीमा नहीं है — एक व्यक्ति जब तक लोकसभा (या विधानसभा) में बहुमत का विश्वास रखता है, तब तक पद पर रह सकता है (अमेरिका के राष्ट्रपति की दो-कार्यकाल सीमा के विपरीत)। प्रधानमंत्री लोकसभा के प्रति सामूहिक रूप से उत्तरदायी होता है (अनुच्छेद 75)। कार्यकाल सीमा के पक्ष-विपक्ष में तर्क लोकतंत्र, जवाबदेही, अनुभव बनाम सत्ता-केंद्रीकरण पर आधारित हैं।

मुख्य तथ्य

  1. 1भारत में PM के कार्यकाल पर बहस।
  2. 2संविधान में कोई कार्यकाल सीमा नहीं।
  3. 3बहुमत के विश्वास तक पद पर।
  4. 4अनुच्छेद 75 — लोकसभा के प्रति सामूहिक उत्तरदायित्व।
  5. 5अमेरिका — राष्ट्रपति की दो-कार्यकाल सीमा (22वाँ संशोधन)।

परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है

प्रधानमंत्री, दसवीं अनुसूची, अविश्वास प्रस्ताव व कार्यपालिका जवाबदेही राजव्यवस्था में महत्वपूर्ण हैं।

स्थायी GK: PM — कार्यकाल सीमा नहीं; बहुमत के विश्वास तक। अनुच्छेद 75 — सामूहिक उत्तरदायित्व। संसदीय प्रणाली। अमेरिका — राष्ट्रपति 2 कार्यकाल (22वाँ संशोधन)।

इसी विषय पर और

इस विषय को और गहराई से पढ़ें