जीएम (आनुवंशिक रूप से संशोधित) फसलें
24 अप्रैल 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
याद रखें · एक पंक्ति में
भारत में आनुवंशिक रूप से संशोधित फसलों से जुड़ा घटनाक्रम।
क्या हुआ
आनुवंशिक रूप से संशोधित (GM) फसलें वे पौधे हैं जिनके आनुवंशिक गुणों में जैव-प्रौद्योगिकी के माध्यम से बदलाव किया जाता है, ताकि उत्पादकता, कीट-प्रतिरोध या पोषण मूल्य बढ़ाया जा सके। भारत में जेनेटिक इंजीनियरिंग मूल्यांकन समिति (GEAC) इनकी मंजूरी से संबंधित नियामक संस्था है, और इन फसलों को लेकर निरंतर नीतिगत चर्चा होती रहती है।
मुख्य तथ्य
- 1GM फसल: जैव-प्रौद्योगिकी से आनुवंशिक गुण बदले गए पौधे
- 2नियामक संस्था: GEAC
- 3उद्देश्य: उत्पादकता, कीट-प्रतिरोध व पोषण में सुधार
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
GM फसलों की नियामक संस्था (GEAC) और भारत में स्वीकृत GM फसल (Bt कपास) पूछी जा सकती है।
स्थायी GK: GEAC पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के अधीन कार्य करती है; Bt कपास भारत में स्वीकृत GM फसल है।