आईएनएस साह्याद्रि दक्षिण कोरिया में भारत-RoKN द्विपक्षीय अभ्यास के लिए पहुंचा
28 अक्टूबर 2026 · Raj Study संपादकीय टीम · सरकारी स्रोत से तथ्य मिलाए गए
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भारतीय नौसेना का स्वदेशी युद्धपोत आईएनएस साह्याद्रि 26 अक्टूबर 2026 को दक्षिण कोरिया के बुसान में भारत-कोरिया नौसेना द्विपक्षीय अभ्यास में भाग लेने पहुंचा।
क्या हुआ
आईएनएस साह्याद्रि, जो भारतीय नौसेना का स्वदेशी रूप से डिज़ाइन और निर्मित गाइडेड मिसाइल स्टील्थ फ्रिगेट है, 26 अक्टूबर 2026 को दक्षिण कोरिया के बुसान नौसैनिक बंदरगाह पर भारत-कोरिया नौसेना द्विपक्षीय अभ्यास में भाग लेने पहुंचा। यह यात्रा हिंद-प्रशांत क्षेत्र में दोनों नौसेनाओं के बीच समुद्री सहयोग को मजबूत करने और अंतर-संचालनीयता बढ़ाने की दिशा में एक कदम है। बंदरगाह चरण के दौरान दोनों नौसेनाओं के कर्मी पेशेवर बातचीत, क्रॉस-डेक विज़िट, क्रॉस-ट्रेनिंग गतिविधियों और खेल आयोजनों में भाग लेंगे। इसके बाद समुद्र में आईएनएस साह्याद्रि और ROKS मुनमू द ग्रेट के बीच समन्वित समुद्री गतिविधियां होंगी। यह अभ्यास हिंद-प्रशांत में शांति, स्थिरता और सुरक्षा में योगदान के लिए भारत और दक्षिण कोरिया की साझा प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है।
मुख्य तथ्य
- 1आईएनएस साह्याद्रि 26 अक्टूबर 2026 को दक्षिण कोरिया के बुसान बंदरगाह पहुंचा।
- 2यह स्वदेशी रूप से डिज़ाइन और निर्मित गाइडेड मिसाइल स्टील्थ फ्रिगेट है।
- 3भारत-कोरिया नौसेना द्विपक्षीय अभ्यास में भाग लेने के लिए यात्रा की गई।
- 4समुद्री गतिविधियों में आईएनएस साह्याद्रि और ROKS मुनमू द ग्रेट शामिल होंगे।
- 5अभ्यास का उद्देश्य हिंद-प्रशांत में समुद्री सहयोग और अंतर-संचालनीयता बढ़ाना है।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
1. आईएनएस साह्याद्रि किस प्रकार का युद्धपोत है? (गाइडेड मिसाइल स्टील्थ फ्रिगेट) 2. आईएनएस साह्याद्रि किस देश के साथ द्विपक्षीय नौसैनिक अभ्यास के लिए 26 अक्टूबर 2026 को बुसान पहुंचा? (दक्षिण कोरिया / कोरिया गणराज्य)
स्थायी GK: आईएनएस साह्याद्रि शिवालिक श्रेणी का युद्धपोत है, जिसे 2012 में भारतीय नौसेना में शामिल किया गया था।