म्पेम्बा प्रभाव
8 जनवरी 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
याद रखें · एक पंक्ति में
म्पेम्बा प्रभाव — विशेष परिस्थितियों में गर्म पानी ठंडे पानी से पहले जम जाता है (प्रति-सहज)।
क्या हुआ
'म्पेम्बा प्रभाव' (Mpemba Effect) की चर्चा हुई। म्पेम्बा प्रभाव एक प्रति-सहज (counterintuitive) भौतिक परिघटना है, जिसके अनुसार कुछ विशिष्ट परिस्थितियों में गर्म पानी, ठंडे पानी की तुलना में अधिक तेज़ी से जम (freeze) सकता है। इसका नाम तंज़ानियाई छात्र इरास्टो म्पेम्बा के नाम पर है, जिसने इसे देखा। इस प्रभाव के संभावित कारणों पर वैज्ञानिक बहस जारी है — वाष्पीकरण (गर्म पानी का कुछ भाग भाप बनकर उड़ना), संवहन-धाराएँ, घुली हुई गैसें, हाइड्रोजन-बंध व अति-शीतलन (supercooling) जैसे कारक सुझाए गए हैं (कोई एक सार्वभौमिक व्याख्या पर सहमति नहीं)। यह ऊष्मागतिकी (thermodynamics) व मूलभूत भौतिकी का एक रोचक अनसुलझा प्रश्न है। यह विज्ञान से जुड़ा है। यह विज्ञान से जुड़ा है।
मुख्य तथ्य
- 1म्पेम्बा प्रभाव।
- 2कुछ परिस्थितियों में गर्म पानी ठंडे से तेज़ जमता है।
- 3नाम — इरास्टो म्पेम्बा (तंज़ानिया छात्र)।
- 4कारण — वाष्पीकरण, संवहन, गैसें (बहस जारी)।
- 5ऊष्मागतिकी; प्रति-सहज भौतिक परिघटना।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
म्पेम्बा प्रभाव, ऊष्मागतिकी व भौतिकी विज्ञान में पूछे जाते हैं।
स्थायी GK: म्पेम्बा प्रभाव — गर्म पानी कभी-कभी ठंडे से तेज़ जमता है। नाम — इरास्टो म्पेम्बा (तंज़ानिया)। कारण — वाष्पीकरण, संवहन, गैसें (बहस जारी)। ऊष्मागतिकी।