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राष्ट्रीय · विज्ञान

DRDO ने गगनयान का ड्रोग पैराशूट परीक्षण किया

20 फरवरी 2026 · Raj Study संपादकीय टीम

याद रखें · एक पंक्ति में

ड्रोग पैराशूट — क्रू मॉड्यूल को स्थिर करने व उसकी गति धीमी करने हेतु; गगनयान हेतु DRDO द्वारा परीक्षित।

क्या हुआ

DRDO द्वारा गगनयान के 'ड्रोग पैराशूट' परीक्षण की चर्चा हुई। गगनयान भारत का पहला मानवयुक्त (crewed) अंतरिक्ष मिशन है (ISRO), जिसमें अंतरिक्ष यात्रियों ('गगनॉट्स') को पृथ्वी की निचली कक्षा में भेजकर सुरक्षित वापस लाया जाएगा। पुनः-प्रवेश (re-entry) के दौरान क्रू मॉड्यूल को सुरक्षित उतारने के लिए एक बहु-चरणीय पैराशूट प्रणाली होती है — 'ड्रोग पैराशूट' (drogue parachute) क्रू मॉड्यूल को स्थिर करने व उसकी गति धीमी करने हेतु पहले खुलते हैं, उसके बाद मुख्य पैराशूट खुलते हैं। DRDO (ADRDE) इन पैराशूटों को विकसित करता है। यह सफल परीक्षण क्रू-सुरक्षा व भारत की मानव-अंतरिक्ष क्षमता का महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। यह विज्ञान व अंतरिक्ष से जुड़ा है।

मुख्य तथ्य

  1. 1गगनयान का ड्रोग पैराशूट परीक्षण (DRDO)।
  2. 2गगनयान — भारत का पहला मानवयुक्त मिशन (ISRO)।
  3. 3ड्रोग पैराशूट — क्रू मॉड्यूल स्थिर व धीमा करना।
  4. 4बहु-चरणीय पैराशूट; पुनः-प्रवेश सुरक्षा।
  5. 5DRDO (ADRDE); मानव-अंतरिक्ष क्षमता।

परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है

गगनयान, ड्रोग पैराशूट व मानव अंतरिक्ष उड़ान विज्ञान में पूछे जाते हैं।

स्थायी GK: गगनयान — भारत का पहला मानवयुक्त मिशन (ISRO); गगनॉट्स। ड्रोग पैराशूट — क्रू मॉड्यूल स्थिर/धीमा करना। DRDO (ADRDE)। क्रू-सुरक्षा।

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