परिचय एवं परीक्षा प्रासंगिकता
रक्षा (Defense) विज्ञान और प्रौद्योगिकी का एक महत्वपूर्ण अध्याय है जो RPSC RAS परीक्षा के सामान्य अध्ययन के विषय में सम्मिलित है। राजस्थान लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित राजस्थान प्रशासनिक सेवा परीक्षा में रक्षा क्षेत्र से संबंधित प्रश्न समय-समय पर पूछे जाते हैं। यह विषय भारत की रक्षा व्यवस्था, आधुनिक प्रौद्योगिकी, सैन्य क्षमताओं और राष्ट्रीय सुरक्षा नीति को समझने के लिए अत्यंत आवश्यक है। RPSC RAS परीक्षा में दैनिक विज्ञान के अंतर्गत रक्षा प्रौद्योगिकी, हथियार प्रणालियां, सैन्य विमान, नौसेना और सीमावर्ती सुरक्षा से संबंधित प्रश्न आते हैं।
मुख्य अवधारणाएं
भारतीय रक्षा व्यवस्था और संरचना
भारत की रक्षा व्यवस्था तीन मुख्य सशस्त्र सेनाओं पर आधारित है - भारतीय थलसेना (Indian Army), भारतीय नौसेना (Indian Navy) और भारतीय वायुसेना (Indian Air Force)। भारतीय थलसेना को दक्षिण एशिया की सबसे बड़ी स्थायी सेना के रूप में जाना जाता है जिसके पास लगभग 13 लाख सक्रिय कर्मी हैं। भारतीय नौसेना तीन कमांडों - पश्चिमी, पूर्वी और दक्षिणी कमांड में विभाजित है। भारतीय वायुसेना देश की हवाई सीमाओं की रक्षा करती है और विभिन्न आधुनिक विमानों से सुसज्जित है। रक्षा मंत्रालय (Ministry of Defence) भारत सरकार के अंतर्गत आता है जो सभी रक्षा संबंधी नीतियों को निर्धारित करता है।
| बल | मुख्यालय | दिवस |
|---|---|---|
| थलसेना | नई दिल्ली | सेना दिवस - 15 जनवरी |
| नौसेना | नई दिल्ली (कमान: पश्चिमी - मुंबई, पूर्वी - विशाखापत्तनम, दक्षिणी - कोच्चि) | नौसेना दिवस - 4 दिसंबर |
| वायुसेना | नई दिल्ली | वायुसेना दिवस - 8 अक्टूबर |
रक्षा अनुसंधान और विकास (DRDO)
रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (Defence Research and Development Organisation - DRDO) भारत की प्रमुख रक्षा अनुसंधान एजेंसी है जो रक्षा प्रौद्योगिकी के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। DRDO की स्थापना 1958 में की गई थी और यह विभिन्न प्रकार की सैन्य प्रणालियों, मिसाइलों, राडार और अन्य उन्नत प्रौद्योगिकी का विकास करती है। DRDO के अंतर्गत विभिन्न प्रयोगशालाएं हैं जैसे - डिफेंस मेटेलर्जिकल रिसर्च लेबोरेटरी (DMRL), हैदराबाद और डिफेंस लेबोरेटरी, जोधपुर (DLJ); रक्षा उन्नत प्रौद्योगिकी संस्थान (DIAT), पुणे भी DRDO से जुड़ा संस्थान है। आकाश, निर्भय, पृथ्वी जैसी मिसाइलें DRDO द्वारा विकसित की गई हैं; ब्रह्मोस DRDO और रूस के NPO माशिनोस्त्रोयेनिया का संयुक्त उद्यम है।
भारतीय मिसाइल कार्यक्रम
भारत का मिसाइल कार्यक्रम विश्व के सबसे महत्वपूर्ण रक्षा कार्यक्रमों में से एक है। भारत के पास विभिन्न प्रकार की मिसाइलें हैं जैसे - अग्नि, ब्रह्मोस, आकाश, निर्भय, पृथ्वी आदि। अग्नि भारत की बैलिस्टिक मिसाइल श्रृंखला है, जिसकी अग्नि-V मिसाइल की रेंज 5000 किमी से अधिक है। ब्रह्मोस एक सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल है जो भारत और रूस के संयुक्त प्रयास से विकसित की गई है। आकाश भारत की स्वदेशी मध्यम दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल है। ये सभी मिसाइलें भारत की रक्षा क्षमता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
| मिसाइल | प्रकार | विशेष |
|---|---|---|
| पृथ्वी | सतह से सतह | IGMDP (1983) की पहली मिसाइल |
| अग्नि | बैलिस्टिक मिसाइल | अग्नि-V की रेंज 5000 किमी से अधिक |
| आकाश | सतह से हवा | स्वदेशी, IGMDP के अंतर्गत विकसित |
| ब्रह्मोस | सुपरसोनिक क्रूज | भारत-रूस संयुक्त उद्यम |
| निर्भय | क्रूज मिसाइल | DRDO द्वारा विकसित |
आधुनिक सैन्य विमान और नौसेना प्रणालियां
भारतीय वायुसेना के पास विभिन्न आधुनिक लड़ाकू विमान हैं जैसे - सुखोई Su-30MKI, तेजस (HAL Tejas) और राफेल (Rafale)। सुखोई Su-30MKI भारतीय वायुसेना का प्रमुख लड़ाकू विमान है, जो रूस के सहयोग से HAL द्वारा लाइसेंस के तहत निर्मित किया जाता है। HAL तेजस भारत का स्वदेशी हल्का लड़ाकू विमान (LCA) है जो HAL (Hindustan Aeronautics Limited) द्वारा निर्मित है। राफेल एक बहुत ही उन्नत विमान है जिसे फ्रांस से खरीदा गया है। भारतीय नौसेना के पास भी आधुनिक प्रकार के जहाज और पनडुब्बियां हैं जैसे - विक्रमादित्य और स्वदेशी INS विक्रांत (विमानवाहक पोत), कोलकाता क्लास विध्वंसक और स्कॉर्पीन क्लास पनडुब्बी।
सीमावर्ती सुरक्षा और सीमा सुरक्षा बल
भारत की सीमावर्ती सुरक्षा के लिए सीमा सुरक्षा बल (Border Security Force - BSF), केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) और अन्य संगठन महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। BSF की स्थापना 1965 में हुई थी और यह मुख्यतः पाकिस्तान तथा बांग्लादेश से लगी सीमाओं की रक्षा करता है। भारत की सीमा पाकिस्तान, चीन, बांग्लादेश, नेपाल, भूटान और म्यांमार से लगती है। राजस्थान की पाकिस्तान के साथ एक बहुत बड़ी सीमा है जिसकी सुरक्षा सीमा सुरक्षा बल (BSF) करता है। सीमावर्ती क्षेत्रों में आधुनिक निगरानी प्रणालियां, सीमा दीवार और अन्य बुनियादी ढांचे का विकास किया गया है।
महत्वपूर्ण तथ्य
• भारतीय थलसेना का मुख्यालय: नई दिल्ली में स्थित है।
• भारतीय नौसेना का मुख्यालय: नई दिल्ली में स्थित है (मुंबई में पश्चिमी नौसेना कमान का मुख्यालय है)।
• भारतीय वायुसेना का मुख्यालय: नई दिल्ली में स्थित है।
• DRDO की स्थापना: 1958 में हुई थी।
• भारत का पहला स्वदेशी विमान वाहक पोत: INS विक्रांत, जिसे 2 सितंबर 2022 को नौसेना में शामिल (कमीशन) किया गया।
• अग्नि-V मिसाइल की रेंज: 5000 किमी से अधिक है।
• HAL तेजस विमान की पहली उड़ान: 4 जनवरी 2001 को हुई थी।
• भारतीय सेना दिवस: 15 जनवरी को मनाया जाता है (26 जनवरी गणतंत्र दिवस है)।
• भारत का रक्षा बजट: 2026-27 के केंद्रीय बजट में लगभग ₹7.85 लाख करोड़ आवंटित हुए।
• राजस्थान में प्रमुख सैन्य ठिकाने: जोधपुर, बीकानेर, जैसलमेर, श्रीगंगानगर, नसीराबाद आदि स्थानों पर हैं।
राजस्थान विशेष
राजस्थान भारत के रक्षा सुरक्षा के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण राज्य है क्योंकि इसकी पाकिस्तान के साथ 1070 किमी लंबी सीमा है। राजस्थान में कई महत्वपूर्ण सैन्य ठिकाने स्थित हैं जैसे - जोधपुर, बीकानेर, जैसलमेर, श्रीगंगानगर, नसीराबाद आदि। जोधपुर में DRDO की डिफेंस लेबोरेटरी (DLJ) स्थित है। भारत ने अपना पहला परमाणु परीक्षण 1974 में और पोखरण-II परीक्षण 1998 में जैसलमेर जिले के पोखरण में किया। राजस्थान की सीमावर्ती जिलों में सीमा सुरक्षा बल (BSF) की मजबूत मौजूदगी है। राजस्थान का योगदान भारत की रक्षा व्यवस्था में अत्यंत महत्वपूर्ण है और यह राज्य सीमा पर सतर्कता बनाए रखने के लिए 24 घंटे तैयार रहता है।
परीक्षा पैटर्न
RPSC RAS परीक्षा में रक्षा विषय से संबंधित प्रश्न:
1. प्रारंभिक परीक्षा (Prelims): एक वस्तुनिष्ठ प्रश्न पत्र "सामान्य ज्ञान एवं सामान्य विज्ञान" होता है - 150 प्रश्न, 200 अंक, समय 3 घंटे, 1/3 ऋणात्मक अंकन (यह परीक्षा केवल अर्हकारी है)। रक्षा से प्रश्न विज्ञान-प्रौद्योगिकी और समसामयिकी के अंतर्गत आ सकते हैं।
2. मुख्य परीक्षा (Mains): इसमें 4 वर्णनात्मक प्रश्न पत्र होते हैं - सामान्य अध्ययन I, II, III और पत्र IV (सामान्य हिंदी व सामान्य अंग्रेज़ी); रक्षा का कोई अलग प्रश्न पत्र नहीं है।
3. साक्षात्कार (Interview): व्यक्तित्व परीक्षण साक्षात्कार में भारत की रक्षा नीति और सुरक्षा से संबंधित सामान्य प्रश्न पूछे जा सकते हैं।
महत्वपूर्ण बिंदु: परीक्षा में मिसाइल प्रणाली, रक्षा संगठन, सैन्य विमान, नौसेना, सीमा सुरक्षा और राजस्थान के रक्षा संबंधी पहलुओं पर प्रश्न आते हैं।
स्मरण युक्तियां
1. संक्षिप्ताक्षर याद रखें: DRDO, BSF, IAF, INS, CAPF आदि संक्षिप्ताक्षरों को याद रखें।
2. मिसाइलों की सूची बनाएं: अग्नि, ब्रह्मोस, आकाश, निर्भय, पृथ्वी जैसी मिसाइलों की एक सूची तैयार करें और उनकी विशेषताओं को याद रखें।
3. संस्थापन तिथियां: DRDO की स्थापना (1958), BSF की स्थापना (1965) जैसी महत्वपूर्ण तिथियां याद रखें।
4. चार्ट और डायग्राम बनाएं: भारतीय सशस्त्र सेनाओं की संरचना का एक चार्ट बनाएं जो याद रखने में मदद करेगा।
5. समाचार पत्रों का अनुसरण करें: भारत की नई रक्षा प्रौद्योगिकी और सैन्य विकास के बारे में नियमित रूप से समाचार पत्रों में पढ़ें।
6. तुलनात्मक अध्ययन: भारतीय और अन्य देशों की रक्षा क्षमता की तुलना करें।
7. नियमित संशोधन: हर सप्ताह एक बार अध्ययन किए गए विषयों को दोबारा पढ़ें और महत्वपूर्ण बिंदुओं को नोट करें।
⚡ त्वरित रिवीजन — One-Liners
- •DNA की खोज 1953 में वॉटसन और क्रिक ने की; यह एक द्विकुण्डलित संरचना है।
- •ISRO की स्थापना 1969 में हुई; चंद्रयान-3 ने 23 अगस्त 2023 को चंद्रमा पर सफल लैंडिंग की।
- •भारत ने पहला परमाणु परीक्षण 1974 में 'स्माइलिंग बुद्धा' के नाम से पोखरण में किया।
- •सुपर कंप्यूटर PARAM 8000 1991 में CDAC द्वारा विकसित किया गया — यह भारत का पहला स्वदेशी सुपर कंप्यूटर था।
- •डेंगू एडीस मच्छर से फैलता है; वायरस DENV 1-4।