सावित्रीबाई फुले की पुण्यतिथि
11 मार्च 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
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सावित्रीबाई फुले — भारत की पहली महिला शिक्षिका; ज्योतिराव फुले के साथ कार्य; 10 मार्च 1897 को निधन।
क्या हुआ
सावित्रीबाई फुले की पुण्यतिथि (10 मार्च) की चर्चा हुई। सावित्रीबाई फुले (1831-1897) भारत की पहली महिला शिक्षिका मानी जाती हैं व एक अग्रणी समाज-सुधारक, कवयित्री व नारीवादी थीं। अपने पति ज्योतिराव फुले के साथ मिलकर उन्होंने 1848 में पुणे (भिडेवाड़ा) में लड़कियों के लिए पहला स्कूल खोला। उन्होंने महिला-शिक्षा, विधवा-पुनर्विवाह, अस्पृश्यता-उन्मूलन व जाति-लिंग आधारित भेदभाव के विरुद्ध संघर्ष किया (विधवाओं/परित्यक्ता महिलाओं के लिए 'बालहत्या प्रतिबंधक गृह')। उन्होंने 'सत्यशोधक समाज' से भी जुड़कर सामाजिक न्याय का कार्य किया। प्लेग-रोगियों की सेवा करते हुए उनका निधन हुआ। यह सामाजिक सुधार आंदोलन व महिला-सशक्तिकरण से जुड़ा है। यह कला-संस्कृति से जुड़ा है।
मुख्य तथ्य
- 1सावित्रीबाई फुले की पुण्यतिथि (10 मार्च)।
- 2भारत की पहली महिला शिक्षिका (1831-1897)।
- 3लड़कियों का पहला स्कूल — पुणे (1848)।
- 4महिला-शिक्षा, विधवा-पुनर्विवाह, अस्पृश्यता-उन्मूलन।
- 5ज्योतिराव फुले; सत्यशोधक समाज।
परीक्षा में ऐसे पूछा जा सकता है
सावित्रीबाई फुले, महिला शिक्षा व सामाजिक सुधार आधुनिक भारतीय इतिहास में पूछे जाते हैं।
स्थायी GK: सावित्रीबाई फुले (1831-1897) — भारत की पहली महिला शिक्षिका; समाज-सुधारक। ज्योतिराव फुले के साथ लड़कियों का पहला स्कूल (पुणे, 1848)। सत्यशोधक समाज।