पालनहार योजना 2026: ₹2,500 प्रतिमाह तक, पात्रता
अनाथ और विशेष परिस्थितियों वाले बच्चों का पालन-पोषण संस्थानों के बजाय परिवार के भीतर निकट संबंधी (पालनहार) द्वारा कराने की योजना। बच्चे की पढ़ाई और देखभाल के लिए हर माह आर्थिक सहायता दी जाती है।
अंतिम अपडेट: 6 अक्टूबर 2026 · Raj Study संपादकीय टीम
- विभाग
- सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग
- शुरुआत
- 2004-05
- संबंधित केंद्रीय योजना
- मिशन वात्सल्य (स्पॉन्सरशिप)
क्या लाभ मिलता है
- अनाथ श्रेणी: 0–6 वर्ष ₹1,500 और 6–18 वर्ष ₹2,500 प्रतिमाह
- अन्य श्रेणियाँ: 0–6 वर्ष ₹750 और 6–18 वर्ष ₹1,500 प्रतिमाह (1 जुलाई 2023 से)
- कपड़े, जूते, स्वेटर व स्टेशनरी हेतु ₹2,000 वार्षिक
- फरवरी 2025 में लगभग 6.15 लाख बच्चे लाभान्वित
कौन पात्र है
- अनाथ बच्चे; मृत्युदंड/आजीवन कारावास प्राप्त माता-पिता के बच्चे
- पेंशन पात्र विधवा, पुनर्विवाहित विधवा, तलाकशुदा/परित्यक्ता माता के बच्चे; नाता जाने वाली माता के बच्चे
- HIV/कुष्ठ/सिलिकोसिस पीड़ित या विशेष योग्यजन माता-पिता के बच्चे
- पालनहार परिवार की वार्षिक आय ₹1.20 लाख से अधिक नहीं; बच्चे की आयु 18 वर्ष तक
आवेदन कैसे करें
जन आधार से ई-मित्र या SJE पोर्टल पर आवेदन।
परीक्षा के लिए याद रखें
- अवधारणा: संस्थागत के बजाय पारिवारिक देखभाल
- अनाथ बच्चे (6–18 वर्ष) को ₹2,500 प्रतिमाह
- आय सीमा ₹1.20 लाख
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स्रोत: myscheme.gov.in। आवेदन से पहले विभाग की आधिकारिक सूचना देखें।