भारत की प्रमुख खेल उपलब्धियाँ और आयोजन: ओलंपिक, पैरालंपिक, एशियाई और राष्ट्रमंडल खेल (2 अक्टूबर 2026 तक)
पूरे हो चुके आयोजनों का दिनांकित अभिलेख, 4 अक्टूबर 2026 की स्थिति के अनुसार।
- अंतिम जाँच: 4 अक्टूबर 2026
सिलेबस में
RPSC सिलेबस (09-01-2026), पेपर III, इकाई I, "करेंट अफेयर्स और मुद्दे" की अंतिम से पहली पंक्ति: "Sports policies, key institutions, significant sports events and achievements of India and Rajasthan." यह पृष्ठ इस पंक्ति के "events and achievements" वाले हिस्से को पूरा करता है; नीतियाँ और संस्थाएँ अलग पृष्ठ का विषय हैं।
इस विषय को क्यों पढ़ें
याद रखें
- 2018, 2021, 2023 और 2024 के पेपर III में इकाई III का भाग क "खेल" था, पर उपलब्ध पेपर-पाठों में उसके प्रश्न नहीं मिलते। इसलिए यहाँ कोई पिछला प्रश्न नहीं दिया गया; अभ्यास प्रश्न अपने हैं और किसी वर्ष से नहीं जोड़े गए।
- सिलेबस में खेल अब करेंट अफेयर्स की दो पंक्तियों में है। ऐसे प्रश्न तथ्य माँगते हैं: कब, कहाँ, कितने पदक, किसने पहली बार क्या किया। 15, 50 और 100 शब्द की सीमा में सही संख्या और एक-दो नाम ही अंक दिलाते हैं।
- यह पृष्ठ केवल पूरे हो चुके आयोजनों का अभिलेख है, 4 अक्टूबर 2026 की स्थिति के अनुसार।
स्थिति-तिथि: 4 अक्टूबर 2026
आइची-नागोया एशियाई खेल 2026 का समापन 4 अक्टूबर 2026 को हुआ। भारत 85 पदक (21 स्वर्ण, 27 रजत, 37 कांस्य) के साथ चौथे स्थान पर रहा। यह तालिका अब अंतिम है (स्रोत: संडे गार्डियन लाइव)।
पहले सरल भाषा में
खेल-उपलब्धियों को बहीखाते की तरह समझिए। हर बड़ा आयोजन एक खाता है: कौन सा खेल, कब, कहाँ हुआ और भारत की जमा-राशि यानी पदक कितने रहे। परीक्षक अक्सर यही चार खाने पूछता है: कब, कहाँ, कितने, किसने। जो विद्यार्थी हर खाते की एक पंक्ति याद रखता है, वह 15 शब्द में भी पूरा उत्तर लिख लेता है।
अब परिभाषा, जो उत्तर की पहली पंक्ति बन सकती है। बहु-खेल आयोजन (multi-sport event) वह प्रतियोगिता है जिसमें अनेक देशों के खिलाड़ी कई खेलों में एक साथ भाग लेते हैं, जैसे ओलंपिक, पैरालंपिक, एशियाई खेल और राष्ट्रमंडल खेल। पदक-तालिका (medal tally) में देशों को पहले स्वर्ण की संख्या से क्रम मिलता है, फिर रजत और कांस्य से; इसलिए कुल पदक अधिक होने पर भी स्थान नीचे हो सकता है। पेरिस 2024 में भारत के 6 पदक थे, पर कोई स्वर्ण न होने से स्थान 71वाँ रहा (डीडी न्यूज़)।
ओलंपिक में भारत: अभिलेख और मोड़
भारत की ओलंपिक यात्रा 1900 के पेरिस खेलों में नॉर्मन प्रिचर्ड के दो रजत पदकों से शुरू मानी जाती है। आज़ाद भारत का पहला व्यक्तिगत पदक कुश्ती में के.डी. जाधव का कांस्य था (हेलसिंकी 1952)। लंबे समय तक पदकों का आधार पुरुष हॉकी रही: डीडी न्यूज़ के अनुसार हॉकी में भारत के 13 पदक हैं, जिनमें 8 स्वर्ण; कुश्ती में 8 पदक हैं। मॉस्को 1980 के हॉकी स्वर्ण के बाद पुरुष टीम का अगला पदक टोक्यो में आया, यानी 41 साल बाद (पीआईबी)।
व्यक्तिगत खेलों में बदलाव धीरे आया। अटलांटा 1996 में लिएंडर पेस ने टेनिस एकल में कांस्य जीता। सिडनी 2000 में कर्णम मल्लेश्वरी भारोत्तोलन में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं। बीजिंग 2008 में अभिनव बिंद्रा ने 10 मीटर एयर राइफल में पहला व्यक्तिगत स्वर्ण जीता। लंदन 2012 में 6 पदक आए, जो तब तक सर्वाधिक थे, और साइना नेहवाल ने बैडमिंटन का पहला ओलंपिक पदक दिलाया। रियो 2016 में केवल 2 पदक आए, दोनों महिला खिलाड़ियों के (पी.वी. सिंधु और साक्षी मलिक) (पीआईबी)।
टोक्यो 2020 (खेल अगस्त 2021 में हुए) भारत का सर्वश्रेष्ठ ओलंपिक रहा: 7 पदक, यानी 1 स्वर्ण, 2 रजत और 4 कांस्य। नीरज चोपड़ा ने भाला फेंक में 87.58 मीटर के साथ स्वर्ण जीता, जो एथलेटिक्स का भारत का पहला ओलंपिक पदक है। मीराबाई चानू भारोत्तोलन में रजत जीतने वाली पहली भारतीय बनीं और पी.वी. सिंधु लगातार दो ओलंपिक में पदक जीतने वाली अकेली भारतीय महिला (रियो रजत, टोक्यो कांस्य) हुईं (पीआईबी)।
पेरिस 2024 में 117 खिलाड़ियों के दल ने 16 खेलों की 69 पदक-स्पर्धाओं में भाग लिया और 6 पदक जीते: 1 रजत और 5 कांस्य (पीआईबी, डीडी न्यूज़)। मनु भाकर ने शूटिंग में पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनकर कांस्य जीता और सरबजोत सिंह के साथ मिश्रित टीम 10 मीटर एयर पिस्टल में दूसरा कांस्य भी जोड़ा। स्वप्निल कुसाले का कांस्य शूटिंग का तीसरा पदक था, अमन सहरावत (कुश्ती) भारत के सबसे युवा ओलंपिक पदक विजेता बने, पुरुष हॉकी ने टोक्यो का कांस्य दोहराया और नीरज चोपड़ा को भाला फेंक का रजत मिला।
ओलंपिक अभिलेख तालिका (2 अक्टूबर 2026 की स्थिति, ग्रीष्मकालीन खेल)
| खेल | भारत के पदक | पदक-विजेता और रंग | टिप्पणी | स्रोत |
|---|---|---|---|---|
| लंदन 2012 | 6 | सुशील कुमार (दूसरा पदक), साइना नेहवाल, गगन नारंग, विजय कुमार, मेरी कॉम, योगेश्वर दत्त | तब तक सर्वाधिक; बैडमिंटन का पहला पदक | पीआईबी |
| रियो 2016 | 2 | पी.वी. सिंधु (रजत), साक्षी मलिक | दोनों पदक महिलाओं के | पीआईबी (दो विज्ञप्तियाँ) |
| टोक्यो 2020 (अगस्त 2021) | 7: 1 स्वर्ण, 2 रजत, 4 कांस्य | स्वर्ण: नीरज चोपड़ा (भाला)। रजत: मीराबाई चानू, रवि दहिया। कांस्य: पी.वी. सिंधु, लवलीना बोरगोहेन, बजरंग पुनिया, पुरुष हॉकी टीम | भारत का सर्वश्रेष्ठ; एथलेटिक्स का पहला पदक | पीआईबी; आकाशवाणी |
| पेरिस 2024 | 6: 1 रजत, 5 कांस्य | रजत: नीरज चोपड़ा। कांस्य: मनु भाकर, मनु भाकर और सरबजोत सिंह (मिश्रित टीम), स्वप्निल कुसाले, अमन सहरावत, पुरुष हॉकी टीम | कोई स्वर्ण नहीं; पदक-तालिका में 71वाँ स्थान | पीआईबी; डीडी न्यूज़; आकाशवाणी |
| कुल (पेरिस 2024 तक) | 41 | पुरुष हॉकी: 13 पदक, 8 स्वर्ण। कुश्ती: 8 पदक | शीतकालीन ओलंपिक 2026 (मिलानो कॉर्टिना) में भारत का कोई पदक नहीं | डीडी न्यूज़; ईएसपीएन |
ओलंपिक में भारत: मील के पत्थर
1900
पेरिस: नॉर्मन प्रिचर्ड के दो रजत
1952
हेलसिंकी: के.डी. जाधव, कुश्ती कांस्य, आज़ाद भारत का पहला व्यक्तिगत पदक
1980
मॉस्को: पुरुष हॉकी का अंतिम स्वर्ण (टोक्यो तक 41 साल का सूखा)
2000
सिडनी: कर्णम मल्लेश्वरी, पहली भारतीय महिला पदक विजेता
2008
बीजिंग: अभिनव बिंद्रा, पहला व्यक्तिगत स्वर्ण
2012
लंदन: 6 पदक, साइना नेहवाल का बैडमिंटन पदक
2016
रियो: 2 पदक (सिंधु, साक्षी)
2020
टोक्यो: 7 पदक, नीरज चोपड़ा का एथलेटिक्स स्वर्ण
2024
पेरिस: 6 पदक, नीरज रजत, मनु भाकर के दो कांस्य
पैरालंपिक: चार से उनतीस की छलाँग
पैरालंपिक खेल दिव्यांग खिलाड़ियों का सर्वोच्च आयोजन है और ओलंपिक वाले शहरों में ही होता है। भारत पहली बार 1968 (तेल अवीव) में उतरा, पर पहला पदक 1972 (हाइडलबर्ग) में मुरलीकांत पेटकर के 50 मीटर फ्रीस्टाइल तैराकी के स्वर्ण के रूप में मिला (पीआईबी)।
रियो 2016 में भारत के 19 खिलाड़ियों ने 4 पदक जीते (2 स्वर्ण, 1 रजत, 1 कांस्य)। टोक्यो 2020 में 54 खिलाड़ियों ने 19 पदक जीते (5 स्वर्ण, 8 रजत, 6 कांस्य)। पेरिस 2024 (28 अगस्त से 8 सितंबर) में 84 खिलाड़ी 12 खेलों में उतरे और 29 पदक आए: 7 स्वर्ण, 9 रजत, 13 कांस्य। इस प्रदर्शन के साथ भारत पैरालंपिक के कुल 50 पदकों के पार गया (पीआईबी, डीडी न्यूज़)। संख्या याद रखने की सीढ़ी: 4, 19, 29।
पैरालंपिक अभिलेख और प्रमुख नाम
- स्वर्ण
- रजत
- कांस्य
- रियो 20162114
- टोक्यो 2020 (अगस्त 2021)58619
- पेरिस 2024791329
| खेल | भारतीय खिलाड़ी | कुल पदक | स्वर्ण-रजत-कांस्य | प्रमुख नाम | स्रोत |
|---|---|---|---|---|---|
| रियो 2016 | 19 | 4 | 2-1-1 | मरियप्पन थंगावेलु (ऊँची कूद स्वर्ण), देवेंद्र झाझड़िया (भाला स्वर्ण), दीपा मलिक (गोला फेंक रजत) | पीआईबी |
| टोक्यो 2020 (अगस्त 2021) | 54 | 19 | 5-8-6 | अवनि लेखरा (स्वर्ण और कांस्य), सुमित अंतिल (भाला स्वर्ण); भाला F46 में झाझड़िया रजत, सुंदर सिंह गुर्जर कांस्य | पीआईबी; पैरालंपिक समिति |
| पेरिस 2024 | 84 | 29 | 7-9-13 | अवनि लेखरा (स्वर्ण, 249.7 अंक का रिकॉर्ड स्कोर), सुमित अंतिल (भाला F64 स्वर्ण), हरविंदर सिंह (पुरुष रिकर्व तीरंदाजी का स्वर्ण; भारत के पहले पैरालंपिक तीरंदाजी चैंपियन); भाला F46 में अजीत सिंह रजत, सुंदर सिंह गुर्जर कांस्य | पीआईबी; डीडी न्यूज़; आकाशवाणी |
एशियाई खेल और राष्ट्रमंडल खेल
एशियाई खेलों का पहला आयोजन 1951 में नई दिल्ली में हुआ, जिसकी प्रेरणा जवाहरलाल नेहरू की थी (आइची-नागोया 2026 आयोजन समिति)। भारत ने नौवें एशियाई खेल 1982 में भी दिल्ली में कराए (पीआईबी)। हांगझोऊ का 19वाँ एशियाई खेल (23 सितंबर से 8 अक्टूबर 2023, कोविड के कारण 2022 से स्थगित) भारत के लिए सर्वश्रेष्ठ रहा: 655 खिलाड़ी, 107 पदक (28 स्वर्ण, 38 रजत, 41 कांस्य)। पिछला रिकॉर्ड जकार्ता 2018 के 70 पदक (16 स्वर्ण) का था (पीआईबी)।
आइची-नागोया का 20वाँ एशियाई खेल (19 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026, जापान) भारत का दूसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा: 85 पदक (21 स्वर्ण, 27 रजत, 37 कांस्य), चौथा स्थान। तीरंदाजी में 5, बॉक्सिंग में 3 (लवलीना बोरगोहेन, पर्वीन हुड्डा, अंकुश पंघाल), शूटिंग में 3, हॉकी में 2 (पुरुष और महिला दोनों) और कबड्डी में 2 स्वर्ण प्रमुख रहे। कुमकुम मोहोड ने व्यक्तिगत रिकर्व में ऐतिहासिक स्वर्ण जीता।
एशियाई और राष्ट्रमंडल खेल: दिनांकित अभिलेख
| आयोजन | वर्ष और स्थान | भारत का परिणाम | टिप्पणी | स्रोत |
|---|---|---|---|---|
| एशियाई खेल | 2018, जकार्ता | 70 पदक, 16 स्वर्ण | तब का सर्वश्रेष्ठ | पीआईबी (दो) |
| एशियाई खेल | 2023, हांगझोऊ (19वाँ) | 107 पदक: 28 स्वर्ण, 38 रजत, 41 कांस्य | भारत का अब तक का सर्वश्रेष्ठ; 655 खिलाड़ी | पीआईबी (दो) |
| एशियाई खेल | 2026, आइची-नागोया | 85 पदक: 21G-27S-37B; 4th | हॉकी+कबड्डी 2G | SG Live |
| राष्ट्रमंडल खेल | 2010, नई दिल्ली | 101 पदक: 38 स्वर्ण, 27 रजत, 36 कांस्य; दूसरा स्थान | भारत की पहली मेज़बानी; सर्वश्रेष्ठ | खेल प्राधिकरण; आउटलुक |
| राष्ट्रमंडल खेल | 2022, बर्मिंघम | 61 पदक: 22 स्वर्ण, 16 रजत, 23 कांस्य; चौथा स्थान | पीआईबी; आउटलुक | |
| राष्ट्रमंडल खेल | 2026, ग्लासगो | 39 पदक: 13 स्वर्ण, 17 रजत, 9 कांस्य; चौथा स्थान | 10 खेलों का छोटा कार्यक्रम | ईएसपीएन; आउटलुक |
भारत में हुए बड़े आयोजन
मेज़बानी का प्रश्न अक्सर "भारत में कब हुआ" के रूप में आता है। अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (IOC) का 141वाँ सत्र अक्टूबर 2023 में मुंबई में हुआ, 40 साल के अंतराल के बाद; सत्र का उद्घाटन 14 अक्टूबर 2023 को प्रधानमंत्री ने किया। इसी सत्र में लॉस एंजिल्स 2028 में क्रिकेट को शामिल करने की मंज़ूरी मिली (पीआईबी, दो विज्ञप्तियाँ)। इसके अलावा एफआईएच पुरुष हॉकी विश्व कप 2023 भुवनेश्वर और राउरकेला में (जनवरी 2023, विजेता जर्मनी, उपविजेता बेल्जियम), पहला मोटोजीपी भारत ग्रेटर नोएडा के बुद्ध इंटरनेशनल सर्किट में (2023), और 2022 में चेन्नई में फिडे शतरंज ओलंपियाड हुए (पीआईबी)।
भारत में आयोजित प्रमुख आयोजन
| आयोजन | वर्ष और स्थान | मुख्य तथ्य | स्रोत |
|---|---|---|---|
| प्रथम एशियाई खेल | 1951, नई दिल्ली | पहला एशियाई खेल आयोजन | आइची-नागोया 2026 समिति |
| नौवें एशियाई खेल | 1982, नई दिल्ली | दिल्ली में आधुनिक खेल-सुविधाओं का आधार | पीआईबी |
| राष्ट्रमंडल खेल | 2010, नई दिल्ली | भारत की पहली मेज़बानी; 101 पदक | खेल प्राधिकरण; आउटलुक |
| फिडे शतरंज ओलंपियाड | 2022, चेन्नई | भारत में आयोजित | पीआईबी |
| पुरुष हॉकी विश्व कप | जनवरी 2023, भुवनेश्वर-राउरकेला | जर्मनी विजेता, बेल्जियम उपविजेता | पीआईबी |
| मोटोजीपी भारत | 2023, ग्रेटर नोएडा | पहला आयोजन | पीआईबी (दो) |
| IOC का 141वाँ सत्र | अक्टूबर 2023, मुंबई | उद्घाटन 14 अक्टूबर; 2028 में क्रिकेट को मंज़ूरी | पीआईबी (दो) |
मानचित्र: खेल-उपलब्धियाँ
भारत के खेल अभिलेख
ओलंपिक
- 2012: 6
- 2016: 2
- 2020: 7
- 2024: 6
- कुल 41
पैरालंपिक
- 2016: 4
- 2020: 19
- 2024: 29
एशियाई खेल
- 1951 और 1982 दिल्ली
- 2018: 70
- 2023: 107
- 2026 (आइची-नागोया): 85
राष्ट्रमंडल
- 2010 दिल्ली: 101
- 2022: 61
- 2026: 39
मेज़बानी
- IOC सत्र 2023
- हॉकी विश्व कप 2023
- शतरंज ओलंपियाड 2022
याद रखने की विधि: चार खाने, चार सीढ़ियाँ
पहला चरण: हर आयोजन के लिए चार खाने भरिए: कब, कहाँ, कितने पदक, कौन सी "पहली बार" वाली बात। दूसरा चरण: संख्याओं को सीढ़ी बनाइए। ओलंपिक 2, 7, 6 (रियो, टोक्यो, पेरिस); पैरालंपिक 4, 19, 29; एशियाई खेल 70, 107; राष्ट्रमंडल 101, 61, 39। तीसरा चरण: हर आयोजन पर एक नाम टाँगिए: टोक्यो पर नीरज, पेरिस पर मनु भाकर, पैरालंपिक पर अवनि, हांगझोऊ पर 107। चौथा चरण: एक पंक्ति में एक ही तथ्य लिखने का अभ्यास कीजिए।
ध्यान रहे कि "खेल का नाम" और "खेल कब हुए" अलग हो सकते हैं: टोक्यो 2020 अगस्त 2021 में हुआ और हांगझोऊ का "2022" संस्करण 2023 में हुआ। उत्तर में दोनों लिखना सुरक्षित है।
आँकड़ों को परखने के तीन नियम
पहला नियम: संख्या के साथ तिथि लिखिए। पदक-तालिका नए आयोजन के बाद बदलती है, इसलिए "2 अक्टूबर 2026 की स्थिति में" जोड़ने से उत्तर सुरक्षित रहता है। दूसरा नियम: कुल पदक के साथ रंग-वार विभाजन याद रखिए, क्योंकि स्थान स्वर्ण की संख्या से तय होता है; टोक्यो में 7 पदक पर 1 स्वर्ण था और पेरिस में 6 पदक पर शून्य। तीसरा नियम: "सर्वश्रेष्ठ" शब्द तभी लिखिए जब तुलना का दायरा साफ़ हो। टोक्यो भारत का सर्वश्रेष्ठ ओलंपिक है (7 पदक), पेरिस पैरालंपिक सर्वश्रेष्ठ पैरालंपिक है (29 पदक), हांगझोऊ सर्वश्रेष्ठ एशियाई खेल है (107 पदक) और दिल्ली 2010 सर्वश्रेष्ठ राष्ट्रमंडल खेल है (101 पदक)। ग्लासगो 2026 के 39 पदक की तुलना केवल उन्हीं खेलों से होती है जो उस संस्करण में थे, इसलिए उसे "सर्वश्रेष्ठ" कहना ठीक नहीं।
संख्या-सीढ़ियाँ (एक नज़र में)
| आयोजन | सीढ़ी | अर्थ |
|---|---|---|
| ओलंपिक | 2, 7, 6 | रियो, टोक्यो, पेरिस के पदक |
| पैरालंपिक | 4, 19, 29 | रियो, टोक्यो, पेरिस |
| एशियाई खेल | 70, 107 | जकार्ता, हांगझोऊ |
| राष्ट्रमंडल | 101, 61, 39 | दिल्ली, बर्मिंघम, ग्लासगो |
मुख्य तथ्य
- भारत के कुल ओलंपिक पदक (पेरिस 2024 तक)
- 41; पुरुष हॉकी के 13 (8 स्वर्ण); 2024 में 6
- टोक्यो 2020 ओलंपिक
- 7 पदक (1-2-4), 2021 में आयोजित
- पेरिस 2024 पैरालंपिक
- 29 पदक (7-9-13), 84 खिलाड़ी
- हांगझोऊ एशियाई खेल (2023)
- 107 पदक (28-38-41)
- आइची-नागोया एशियाई खेल (2026)
- 85 पदक (21-27-37), चौथा स्थान
- राष्ट्रमंडल खेल दिल्ली 2010
- 101 पदक, दूसरा स्थान
- राष्ट्रमंडल खेल ग्लासगो 2026
- 39 पदक (13-17-9), चौथा स्थान
- अंतिम जाँच
- 4 अक्टूबर 2026
राजस्थान का पहलू
पहुँच-तिथि 2 अक्टूबर 2026। जयपुर में जन्मी अवनि लेखरा (पीआईबी) टोक्यो 2020 और पेरिस 2024 में पैरालंपिक स्वर्ण विजेता हैं; पेरिस 2024 के समय वे राजस्थान विश्वविद्यालय में विधि की छात्रा थीं (पैरालंपिक समिति)। राज्य की खेल नीति, पुरस्कार-राशि और खिलाड़ियों के गृह-ज़िले जैसे तथ्य तभी उत्तर में लिखें जब वे राजस्थान खेल विभाग की अधिसूचना या जनसंपर्क विभाग की विज्ञप्ति में प्रकाशित हों।
परीक्षा में आम ग़लतियाँ
याद रखें
- टोक्यो 2020 और हांगझोऊ "2022" को उन वर्षों का आयोजन लिख देना, जबकि खेल 2021 और 2023 में हुए।
- कुल पदक और स्थान को एक मान लेना: पेरिस 2024 में 6 पदक पर स्थान 71वाँ रहा, क्योंकि स्वर्ण शून्य था।
- ओलंपिक और पैरालंपिक के आँकड़े मिला देना (6 बनाम 29)।
- चल रहे आयोजन की पदक-संख्या को अंतिम बताकर लिखना।
- अनुमानित या सुनी हुई संख्या लिखना; जो संख्या पक्की न हो, उसकी जगह "सर्वाधिक" या "रिकॉर्ड" जैसे सुरक्षित शब्द लिखें।
केस स्टडी: अवनि लेखरा, दो पैरालंपिक में स्वर्ण
केस स्टडीजयपुर की निशानेबाज़
अवनि लेखरा का जन्म 8 नवंबर 2001 को जयपुर, राजस्थान में हुआ। 2012 की सड़क दुर्घटना के बाद वे व्हीलचेयर पर आईं; पिता के प्रोत्साहन से खेल अपनाया, तीरंदाजी से शुरू कर 2015 में शूटिंग में आईं। पेरिस 2024 के समय वे राजस्थान विश्वविद्यालय में विधि की पाँच वर्षीय डिग्री की छात्रा थीं (पीआईबी)।
- टोक्यो 2020
- R2 महिला 10 मीटर एयर राइफल स्टैंडिंग SH1 में स्वर्ण और R8 महिला 50 मीटर राइफल थ्री पोज़िशन SH1 में कांस्य; एक ही पैरालंपिक में दो पदक जीतने वाली पहली भारतीय महिला।
- पेरिस 2024
- 30 अगस्त 2024 को R2 में स्वर्ण बचाया, 249.7 अंक के रिकॉर्ड स्कोर के साथ; दो पैरालंपिक स्वर्ण जीतने वाली पहली भारतीय महिला (डीडी न्यूज़, पीआईबी)।
- कुल
- तीन पैरालंपिक पदक (दो स्वर्ण, एक कांस्य), जो पीआईबी के अनुसार किसी भारतीय महिला के सर्वाधिक हैं।
सीख
उत्तर में खिलाड़ी का उदाहरण देते समय खेल-स्पर्धा, वर्ष और रंग तीनों लिखिए। इससे एक पंक्ति ही अंक-योग्य तथ्य बन जाती है।
कार्य-उदाहरण: एक ही तथ्य से 15, 50 और 100 शब्द
हल सहित उदाहरणप्रश्न: पैरालंपिक में भारत का प्रदर्शन
दिया है
- तथ्य-भंडार: पेरिस 2024 में 29 पदक (7, 9, 13); टोक्यो 2020 में 19; रियो 2016 में 4; 84 खिलाड़ी, 12 खेल; अवनि लेखरा के दो स्वर्ण; हरविंदर सिंह का तीरंदाजी स्वर्ण।
- 115 शब्द (नमूना उत्तर) पेरिस 2024 पैरालंपिक में भारत ने रिकॉर्ड 29 पदक जीते: 7 स्वर्ण, 9 रजत, 13 कांस्य।
- 250 शब्द (नमूना उत्तर) भारत ने पेरिस 2024 पैरालंपिक में रिकॉर्ड 29 पदक (7 स्वर्ण, 9 रजत, 13 कांस्य) जीते; टोक्यो 2020 में 19 और रियो 2016 में 4 पदक थे। इस बार 84 खिलाड़ी 12 खेलों में उतरे। अवनि लेखरा दो पैरालंपिक स्वर्ण जीतने वाली पहली भारतीय महिला बनीं और हरविंदर सिंह ने तीरंदाजी में स्वर्ण जीता।
- 3100 शब्द (नमूना उत्तर) पैरालंपिक में भारत का सफ़र 1972 में मुरलीकांत पेटकर के पहले स्वर्ण से शुरू हुआ। रियो 2016 में 4 पदक आए, टोक्यो 2020 में 19 (5 स्वर्ण, 8 रजत, 6 कांस्य) और पेरिस 2024 में रिकॉर्ड 29: 7 स्वर्ण, 9 रजत, 13 कांस्य। पेरिस में 84 खिलाड़ी 12 खेलों में उतरे। अवनि लेखरा ने शूटिंग में लगातार दूसरा स्वर्ण जीता, सुमित अंतिल ने भाला फेंक में स्वर्ण बचाया और हरविंदर सिंह तीरंदाजी में भारत के पहले पैरालंपिक चैंपियन बने। अंत में निष्कर्ष: खेलो इंडिया और टॉप्स जैसे कार्यक्रम इस वृद्धि से जुड़े माने जाते हैं।
निष्कर्ष: तथ्य एक ही रहता है; शब्द-सीमा के साथ केवल उसके चारों ओर की परतें (संदर्भ, नाम, निष्कर्ष) जुड़ती हैं।
अभ्यास प्रश्न (अपने)
अभ्यास प्रश्नलगभग 15 शब्द
पेरिस 2024 ओलंपिक में भारत के पदक बताइए।
आदर्श उत्तर
भारत को 6 पदक मिले: नीरज का रजत; मनु भाकर (दो), कुसाले, सहरावत और हॉकी के कांस्य।
अभ्यास प्रश्नलगभग 15 शब्द
पैरालंपिक 2024 में भारत का प्रदर्शन लिखिए।
आदर्श उत्तर
पेरिस 2024 में भारत ने रिकॉर्ड 29 पदक जीते: 7 स्वर्ण, 9 रजत और 13 कांस्य।
अभ्यास प्रश्नलगभग 50 शब्द
टोक्यो 2020 ओलंपिक भारत के लिए ऐतिहासिक क्यों रहा?
आदर्श उत्तर
टोक्यो 2020 (अगस्त 2021) में भारत ने सर्वाधिक 7 पदक जीते: 1 स्वर्ण, 2 रजत, 4 कांस्य। नीरज चोपड़ा का भाला फेंक स्वर्ण एथलेटिक्स का पहला ओलंपिक पदक था। मीराबाई चानू भारोत्तोलन की पहली रजत विजेता बनीं और पुरुष हॉकी ने 41 साल बाद पदक जीता।
अभ्यास प्रश्नलगभग 50 शब्द
हांगझोऊ एशियाई खेलों में भारत की उपलब्धि समझाइए।
आदर्श उत्तर
हांगझोऊ का 19वाँ एशियाई खेल 2023 में हुआ। भारत के रिकॉर्ड 655 खिलाड़ियों ने 107 पदक जीते: 28 स्वर्ण, 38 रजत, 41 कांस्य। यह जकार्ता 2018 के 70 पदकों से बहुत अधिक है। पहला एशियाई खेल 1951 में नई दिल्ली में हुआ था।
अभ्यास प्रश्नलगभग 100 शब्द
भारत में आयोजित प्रमुख अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों का उल्लेख कीजिए।
आदर्श उत्तर
भारत ने एशियाई खेलों की शुरुआत 1951 में नई दिल्ली में कराई और 1982 में नौवें एशियाई खेल भी दिल्ली में हुए। राष्ट्रमंडल खेल 2010 में दिल्ली में हुए, जहाँ भारत 101 पदकों के साथ दूसरे स्थान पर रहा। हाल के वर्षों में फिडे शतरंज ओलंपियाड 2022 में चेन्नई में, पुरुष हॉकी विश्व कप जनवरी 2023 में भुवनेश्वर और राउरकेला में, पहला मोटोजीपी भारत 2023 में ग्रेटर नोएडा में और IOC का 141वाँ सत्र अक्टूबर 2023 में मुंबई में हुआ। इस सत्र में 2028 ओलंपिक में क्रिकेट को शामिल करने की मंज़ूरी मिली।
अभ्यास प्रश्नलगभग 100 शब्द
ओलंपिक में भारत की यात्रा के प्रमुख पड़ाव बताइए।
आदर्श उत्तर
भारत ने 1900 में नॉर्मन प्रिचर्ड के दो रजत से शुरुआत की। 1952 में के.डी. जाधव ने कुश्ती में स्वतंत्र भारत का पहला व्यक्तिगत पदक जीता। हॉकी के 8 स्वर्ण भारत की पहचान रहे। 2000 में कर्णम मल्लेश्वरी पहली भारतीय महिला पदक विजेता बनीं और 2008 में अभिनव बिंद्रा ने पहला व्यक्तिगत स्वर्ण जीता। 2012 में 6 पदक आए, 2016 में 2 पदक। टोक्यो 2020 में 7 पदक के साथ नीरज चोपड़ा ने एथलेटिक्स का पहला स्वर्ण दिलाया। पेरिस 2024 में 6 पदक मिले; कुल संख्या 41 रही।
अभ्यास प्रश्नलगभग 50 शब्द
आइची-नागोया 2026 एशियाई खेलों में भारत के प्रदर्शन का संक्षिप्त विवरण दें।
आदर्श उत्तर
20वें एशियाई खेल 19 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 को जापान के आइची-नागोया में हुए। भारत 85 पदक (21 स्वर्ण, 27 रजत, 37 कांस्य) के साथ चौथे स्थान पर रहा। यह हांगझोऊ 2023 (107 पदक) के बाद भारत का दूसरा सर्वश्रेष्ठ एशियाई खेल प्रदर्शन था। प्रमुख उपलब्धियाँ: हॉकी में पुरुष-महिला दोनों टीमों का स्वर्ण, कुमकुम मोहोड का तीरंदाजी में ऐतिहासिक स्वर्ण।
उत्तर कैसे लिखें (10 अंक, 100 शब्द)
भूमिका
नमूना प्रश्न: "भारत के खेल-अभिलेखों का सार दीजिए।" पहली पंक्ति में बहु-खेल आयोजन की परिभाषा या सबसे नया पूर्ण अभिलेख लिखिए (2 अंक वाले में केवल यही)।
मुख्य भाग
- ओलंपिक: 2, 7, 6 की सीढ़ी और कुल 41; दो नाम (नीरज, मनु भाकर)।
- पैरालंपिक: 4, 19, 29 और अवनि लेखरा।
- एशियाई और राष्ट्रमंडल: 107 और 101/61/39 में से दो संख्याएँ।
- मेज़बानी: एक-दो उदाहरण (1951 दिल्ली, 2023 मुंबई)।
निष्कर्ष
अंत में एक पंक्ति: पदकों की संख्या में वृद्धि संस्थागत समर्थन और भागीदारी बढ़ने से जुड़ी है।
अतिरिक्त मूल्य
- "2 अक्टूबर 2026 की स्थिति के अनुसार" लिखकर संख्या की तिथि बताइए।
- राजस्थान का एक उदाहरण (अवनि लेखरा, जयपुर) जोड़िए।
त्वरित पुनरावृत्ति
- ओलंपिक: रियो 2, टोक्यो 7 (1-2-4), पेरिस 6 (1-5 रजत-कांस्य); कुल 41
- हॉकी: 13 पदक, 8 स्वर्ण; मॉस्को 1980 के बाद टोक्यो में पदक
- पहली बार: जाधव 1952, मल्लेश्वरी 2000, बिंद्रा 2008, नीरज 2020 (एथलेटिक्स)
- पैरालंपिक: 4, 19, 29; पहला पदक 1972 (पेटकर)
- AG: 70 (2018), 107 (2023), 85 Aichi-Nagoya 2026 (21G-27S-37B)
- राष्ट्रमंडल: दिल्ली 2010 में 101 (दूसरा स्थान); बर्मिंघम 61; ग्लासगो 39 (चौथा)
- मेज़बानी: IOC सत्र मुंबई अक्टूबर 2023; चेन्नई शतरंज ओलंपियाड 2022
- अवनि लेखरा: जयपुर, टोक्यो और पेरिस में स्वर्ण
- Aichi-Nagoya 2026: India 85 medals (21G-27S-37B), 4th place, closed Oct 4
याद रखने योग्य शब्द
- पदक-तालिका
- बहु-खेल आयोजन
- पैरालंपिक
- एशियाई खेल
- राष्ट्रमंडल खेल
- अवनि लेखरा
- नीरज चोपड़ा
- Aichi-Nagoya 2026 final Oct 4
- Aichi-Nagoya 2026