हमारे आसपास के पौधे: REET EVS नोट्स
यह पेज पौधों के प्रकार (वृक्ष, झाड़ी, शाकीय पौधे, लता, बेल), पौधे के भागों और राजस्थान की वनस्पति से जुड़े तथ्यों को REET परीक्षा की दृष्टि से कवर करता है। REET 2024 में जूट की खेती के मौसम और राजस्थान के राज्य पुष्प जैसे तथ्य पूछे गए थे, इसलिए वर्गीकरण के साथ-साथ ऐसे GK तथ्य भी याद रखने जरूरी हैं।
- REET 2024 में 2 प्रश्न
- कक्षा 1-5 स्तर
- 8 मिनट पढ़ें
REET में यह टॉपिक कैसे पूछा जाता है
REET 2024 में इस टॉपिक से जूट (पटसन) की खेती किस ऋतु में होती है और राजस्थान का राज्य पुष्प कौन-सा है, ऐसे दो प्रश्न पूछे गए — दोनों ही पौधों के वर्गीकरण से आगे बढ़कर फसलों व राजस्थान की वनस्पति के तथ्यात्मक ज्ञान पर आधारित थे। इससे स्पष्ट है कि EVS में पौधे टॉपिक सिर्फ किताबी वर्गीकरण (पेड़-झाड़ी-लता) तक सीमित नहीं, बल्कि फसलों के मौसम, राज्य-विशिष्ट वनस्पति तथ्यों और पौधों के रोजमर्रा के उपयोग तक फैला हुआ है। इसलिए तैयारी करते समय वर्गीकरण के साथ-साथ राजस्थान से जुड़े तथ्य और सामान्य कृषि ज्ञान भी साथ-साथ पढ़ना चाहिए।
पौधों के प्रकार
आकार, तने की मोटाई और ऊँचाई के आधार पर पौधों को मुख्यतः छह वर्गों में बाँटा जाता है। वृक्ष (पेड़) मोटे व मजबूत तने वाले ऊँचे पौधे होते हैं, जैसे नीम, आम, बरगद और खेजड़ी — इनकी शाखाएँ जमीन से काफी ऊपर से निकलती हैं। झाड़ी मध्यम ऊँचाई के पौधे होते हैं जिनकी कई पतली शाखाएँ जमीन के पास से ही निकलती हैं, जैसे गुड़हल और मेहंदी।
शाकीय पौधे (herbs) मुलायम व हरे तने वाले छोटे पौधे होते हैं, जैसे तुलसी, धनिया और पालक। घास पतली पत्तियों व खोखले तने वाले बहुत छोटे पौधे हैं। लता (climbers) कमजोर तने वाले पौधे हैं जो सहारे के सहारे ऊपर चढ़ते हैं, जैसे अंगूर और मनीप्लांट, जबकि बेल (creepers) कमजोर तने वाले पौधे हैं जो सहारे के बिना जमीन पर फैलते हैं, जैसे कद्दू और तरबूज।
पौधे के भाग और उनके कार्य
| भाग | मुख्य कार्य |
|---|---|
| जड़ | मिट्टी से पानी व खनिज सोखना, पौधे को जमीन में जकड़ना |
| तना | पत्तियों व शाखाओं को सहारा देना, पानी-भोजन ऊपर पहुँचाना |
| पत्ती | सूर्य के प्रकाश से भोजन बनाना (प्रकाश संश्लेषण) |
| फूल | पौधे का प्रजनन अंग, जिससे आगे चलकर फल बनता है |
| फल | बीज को सुरक्षित रखता है और उसके फैलाव में मदद करता है |
राजस्थान की वनस्पति व फसल से जुड़े तथ्य
- राज्य वृक्ष
- खेजड़ी (Prosopis cineraria) — रेगिस्तान की कठिन परिस्थितियों में भी हरा रहता है, इसे 'थार का कल्पवृक्ष' भी कहा जाता है[स्रोत 1]
- राज्य पुष्प
- रोहिड़ा (Tecomella undulata) — इसे 'मरुस्थल का सागवान' या 'मारवाड़ टीक' भी कहते हैं[स्रोत 1]
- जूट (पटसन) की खेती
- गर्म व आर्द्र जलवायु तथा अधिक वर्षा चाहने वाली रेशेदार फसल, इसलिए वर्षा ऋतु में बोई व उगाई जाती है; पश्चिम बंगाल भारत का प्रमुख उत्पादक राज्य है[स्रोत 2]
पौधों की बुनियादी आवश्यकताएँ
हर पौधे को बढ़ने के लिए चार चीजें चाहिए — सूर्य का प्रकाश (जिससे पत्तियाँ भोजन बनाती हैं), पानी (जड़ों से सोखा जाता है), हवा (पत्तियाँ हवा से कार्बन डाइऑक्साइड लेती हैं) और उपयुक्त मिट्टी (जिसमें जड़ें जमकर पोषक तत्व लेती हैं)। इनमें से किसी एक चीज की कमी होने पर पौधा मुरझाने या ठीक से न बढ़ने लगता है — यह प्रयोग बच्चों को गमले में दो पौधे लगाकर, एक को धूप व पानी देकर और दूसरे को अंधेरे में बिना पानी के रखकर आसानी से दिखाया जा सकता है, ताकि वे कुछ दिनों में स्वयं फर्क देखकर समझ सकें।
पौधों से हमें क्या मिलता है
पौधे हमें भोजन (अनाज, फल, सब्जियाँ), लकड़ी (फर्नीचर व घर बनाने के लिए), औषधि (जैसे तुलसी, नीम), छाया और ऑक्सीजन देते हैं जो हमारे साँस लेने के लिए जरूरी है। राजस्थान में खेजड़ी के वृक्ष की फली को 'सांगरी' कहा जाता है, जिसका उपयोग प्रसिद्ध राजस्थानी व्यंजन 'केर-सांगरी' बनाने में होता है — यह दिखाता है कि रेगिस्तानी वृक्ष भी स्थानीय भोजन व अर्थव्यवस्था में कितने महत्वपूर्ण हैं। इसके अलावा खेजड़ी की पत्तियाँ (लूंग) पशुओं के चारे के काम आती हैं, जिससे यह वृक्ष सूखे राजस्थान में किसानों व पशुपालकों दोनों के लिए बहुउद्देशीय सहारा बनता है।
फसल ऋतु के अनुसार वर्गीकरण
| ऋतु | बुवाई का समय | प्रमुख फसलें |
|---|---|---|
| खरीफ (वर्षा ऋतु की फसल) | जून-जुलाई में बोई, वर्षा ऋतु में उगती है | धान, मक्का, बाजरा, जूट (पटसन) |
| रबी (सर्दी की फसल) | अक्टूबर-नवंबर में बोई, सर्दी में उगती है | गेहूं, चना, सरसों, जौ |
जूट खरीफ (वर्षा ऋतु) की फसल है, इसीलिए REET 2024 का सही उत्तर 'वर्षा ऋतु' था, न कि सर्दी या बसंत।
बच्चों को कैसे पढ़ाएँ
कक्षा गतिविधि
विद्यालय परिसर में पेड़-पौधों की सैर कराकर बच्चों से वृक्ष, झाड़ी और शाकीय पौधों की पहचान करवाएं, उनके तने को छूकर महसूस करवाएं, और पत्तियाँ इकट्ठा कर स्क्रैपबुक बनवाएं।
शिक्षण सामग्री
असली पौधे के गमले या पत्ती-फूल के नमूने कक्षा में लाकर दिखाएं, और चार्ट पर जड़-तना-पत्ती-फूल-फल के चित्र बनवाकर हर भाग का कार्य समझाएं। संभव हो तो एक छोटा गमला कक्षा में रखकर बच्चों से पानी देने की जिम्मेदारी बारी-बारी से दें।
सामान्य भ्रांति
बच्चे अक्सर सभी हरे पौधों को 'पेड़' कह देते हैं और झाड़ी, लता व बेल में अंतर नहीं समझ पाते; शिक्षक को तने की मोटाई, ऊँचाई और सहारे की जरूरत के आधार पर तुलना कराकर स्पष्ट करना चाहिए।
आकलन विचार
बच्चों को घर या स्कूल के आसपास मिलने वाले तीन पौधों के नाम व प्रकार (वृक्ष/झाड़ी/शाकीय/लता/बेल) लिखकर या चित्र बनाकर लाने को कहें, और कक्षा में एक-दूसरे को अपना चयन समझाने का अवसर दें।
याद रखने की ट्रिक / परीक्षा टिप
तने से पहचानें — मोटा व सख्त तना तथा अधिक ऊँचाई हो तो वृक्ष; कई पतली शाखाएँ जमीन के पास से निकलें तो झाड़ी; मुलायम व हरा तना हो तो शाकीय पौधा; और सहारे के बिना सीधा खड़ा न हो सके तो लता (ऊपर चढ़े) या बेल (जमीन पर फैले) समझें।
REET 2024 में पूछे गए प्रश्न (हल सहित)
प्रश्न 128
भारत में पटसन (जूट) की खेती कौन-सी ऋतु में की जाती है ?
- Aसर्दी
- Bगर्मी
- Cवर्षा
- Dबसंत
व्याख्या
पटसन (जूट) खरीफ की फसल है, जिसे गर्म और आर्द्र जलवायु तथा पर्याप्त वर्षा की आवश्यकता होती है; इसकी बुवाई वर्षा से पहले और मुख्य वृद्धि वर्षा ऋतु में होती है। इसलिए इसे वर्षा ऋतु की फसल माना जाता है। भारत में पश्चिम बंगाल इसका प्रमुख उत्पादक राज्य है।
प्रश्न 145
राजस्थान का राज्य पुष्प कौन-सा है ?
- Aकमल
- Bपलाश
- Cरोहिड़ा
- Dअमलतास
व्याख्या
रोहिड़ा (Tecomella undulata) राजस्थान का राज्य पुष्प है, जिसे 'मरुस्थल का सागवान' और 'मारवाड़ टीक' भी कहा जाता है। कमल भारत का राष्ट्रीय पुष्प है; राजस्थान का राज्य वृक्ष खेजड़ी है।
अभ्यास प्रश्न
प्रश्न 1
जिन पौधों का तना मोटा, मजबूत व लकड़ी जैसा होता है और ऊँचाई अधिक होती है, उन्हें कहते हैं -
- Aझाड़ी
- Bवृक्ष
- Cलता
- Dघास
व्याख्या
वृक्ष का तना मोटा, मजबूत व लकड़ी जैसा होता है और इसकी ऊँचाई अन्य पौधों से अधिक होती है, जैसे नीम व आम।
प्रश्न 2
तुलसी और धनिया किस प्रकार के पौधे हैं?
- Aवृक्ष
- Bझाड़ी
- Cशाकीय पौधे (herbs)
- Dलता
व्याख्या
तुलसी व धनिया का तना मुलायम व हरा होता है और ऊँचाई कम होती है, इसलिए ये शाकीय पौधे कहलाते हैं।
प्रश्न 3
कद्दू और तरबूज के पौधे किस श्रेणी में आते हैं क्योंकि इनका तना सहारे के बिना जमीन पर फैलता है?
- Aवृक्ष
- Bबेल (creeper)
- Cझाड़ी
- Dलता (climber)
व्याख्या
बेल (creeper) का तना कमजोर होता है और यह सहारे के बिना जमीन पर फैलता है, जैसे कद्दू व तरबूज।
प्रश्न 4
अंगूर की बेल किस प्रकार का पौधा है जो सहारे के बिना ऊपर नहीं चढ़ पाता?
- Aवृक्ष
- Bझाड़ी
- Cलता (climber)
- Dघास
व्याख्या
अंगूर लता (climber) है — इसका तना कमजोर होता है और यह सहारे की मदद से ऊपर चढ़ता है।
प्रश्न 5
पौधे का कौन-सा भाग सूर्य के प्रकाश से भोजन बनाता है?
- Aजड़
- Bतना
- Cपत्ती
- Dफूल
व्याख्या
पत्ती में हरितलवक (क्लोरोफिल) होता है जो सूर्य के प्रकाश की मदद से भोजन बनाने (प्रकाश संश्लेषण) का कार्य करता है।
प्रश्न 6
राजस्थान का राज्य वृक्ष कौन-सा है, जो रेगिस्तान की कठिन परिस्थितियों में भी हरा रहता है?
- Aरोहिड़ा
- Bखेजड़ी
- Cनीम
- Dबरगद
व्याख्या
खेजड़ी राजस्थान का राज्य वृक्ष है और इसे 'थार का कल्पवृक्ष' कहा जाता है क्योंकि यह रेगिस्तान में भी हरा-भरा रहता है। रोहिड़ा राजस्थान का राज्य पुष्प है।
प्रश्न 7
जूट (पटसन) की खेती के लिए किस प्रकार की जलवायु आवश्यक होती है?
- Aठंडी व शुष्क
- Bगर्म व आर्द्र (अधिक वर्षा वाली)
- Cबर्फीली
- Dरेगिस्तानी शुष्क
व्याख्या
जूट को गर्म व आर्द्र जलवायु तथा अधिक वर्षा की आवश्यकता होती है, इसलिए यह वर्षा ऋतु की फसल है और पश्चिम बंगाल में सबसे अधिक उगाई जाती है।
प्रश्न 8
कक्षा 3 के बच्चों को वृक्ष व झाड़ी में अंतर समझाने का सबसे उपयुक्त तरीका है -
- Aकेवल परिभाषा बोर्ड पर लिखना
- Bविद्यालय परिसर में जाकर असली पौधे दिखाकर तना व ऊँचाई की तुलना कराना
- Cसिर्फ किताब पढ़ने को कहना
- Dगृहकार्य में परिभाषा दस बार लिखवाना
व्याख्या
प्रत्यक्ष अवलोकन (असली पौधे देखकर तना-ऊँचाई की तुलना) बच्चों को स्थायी व स्पष्ट समझ देता है, जबकि रटना कमजोर सीख देता है।
प्रश्न 9
गुड़हल (हिबिस्कस) का पौधा किस श्रेणी में रखा जाता है?
- Aवृक्ष
- Bझाड़ी
- Cशाकीय पौधा
- Dलता
व्याख्या
गुड़हल की कई पतली शाखाएँ जमीन के पास से निकलती हैं और ऊँचाई मध्यम होती है, इसलिए यह झाड़ी की श्रेणी में आता है।
प्रश्न 10
यदि कोई बच्चा मनीप्लांट को 'झाड़ी' बताए, तो शिक्षक को सुधार के लिए सबसे पहले क्या करना चाहिए?
- Aबच्चे को डांटना
- Bमनीप्लांट का तना दिखाकर बताना कि यह सहारे से ऊपर चढ़ता है इसलिए यह लता है, झाड़ी नहीं
- Cजवाब को नजरअंदाज करना
- Dसही उत्तर सीधे रटवा देना बिना कारण बताए
व्याख्या
गलत अवधारणा को दूर करने का सबसे प्रभावी तरीका है वास्तविक उदाहरण दिखाकर कारण सहित समझाना, न कि डांटना या बिना कारण उत्तर रटवाना।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
वृक्ष और झाड़ी में क्या अंतर है?+
वृक्ष मोटे व मजबूत तने वाला ऊँचा पौधा है जिसकी शाखाएँ जमीन से ऊपर से निकलती हैं, जबकि झाड़ी मध्यम ऊँचाई का पौधा है जिसकी कई पतली शाखाएँ जमीन के पास से ही निकलती हैं।
लता और बेल में क्या अंतर है?+
लता (climber) सहारे के सहारे ऊपर चढ़ती है, जैसे अंगूर; बेल (creeper) सहारे के बिना जमीन पर फैलती है, जैसे कद्दू।
राजस्थान का राज्य वृक्ष व राज्य पुष्प क्या है?+
राजस्थान का राज्य वृक्ष खेजड़ी और राज्य पुष्प रोहिड़ा है।
जूट की खेती किस ऋतु में होती है?+
जूट गर्म व आर्द्र जलवायु चाहने वाली फसल है, इसलिए इसे वर्षा ऋतु में बोया व उगाया जाता है।
REET में पौधों के टॉपिक से कितने प्रश्न पूछे गए?+
REET 2024 में इस टॉपिक से 2 प्रश्न पूछे गए थे, जिनमें फसल का मौसम व राजस्थान का राज्य पुष्प शामिल था।
खरीफ और रबी फसल में क्या अंतर है?+
खरीफ फसलें वर्षा ऋतु में बोई जाती हैं (जैसे धान, जूट, मक्का), जबकि रबी फसलें सर्दी में बोई जाती हैं (जैसे गेहूं, चना, सरसों)।
पौधों को बढ़ने के लिए किन चीजों की जरूरत होती है?+
हर पौधे को बढ़ने के लिए सूर्य का प्रकाश, पानी, हवा और उपयुक्त मिट्टी — इन चार बुनियादी चीजों की जरूरत होती है।
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आधिकारिक स्रोत
बदलाव लॉग
- 16 सितंबर 2026 — पेज प्रकाशित — तथ्य स्वतंत्र रूप से जाँचे गए