सममिति एवं ज्यामितीय रचनाएँ (Symmetry and Constructions)
यह पेज REET परीक्षा के लिए रेखा-सममिति, घूर्णन सममिति और मूल ज्यामितीय रचनाओं (compass constructions) को उदाहरण सहित समझाता है। ज्यामिति खंड में यह टॉपिक अक्सर परिचित आकृतियों की सममिति रेखाओं पर सीधा तथ्यात्मक प्रश्न लाता है।
- REET 2024 में 1 प्रश्न
- कक्षा 6–7 स्तर
- 7 मिनट पढ़ें
REET में यह टॉपिक कैसे पूछा जाता है
REET 2024 में वर्ग की सममिति रेखाओं की संख्या पूछी गई — एक सीधा तथ्यात्मक प्रश्न। इस टॉपिक से सामान्यतः परिचित आकृतियों (वर्ग, आयत, त्रिभुज, वृत्त) की सममिति रेखाओं व घूर्णन क्रम पर तथ्यात्मक प्रश्न आते हैं, कभी-कभी रचना की विधि पर भी।
रेखा-सममिति और घूर्णन सममिति
सममिति रेखा (line/axis of symmetry) वह रेखा है जो किसी आकृति को दो ऐसे बराबर भागों में बाँटती है, जो एक-दूसरे के दर्पण-प्रतिबिंब (mirror image) हों।
घूर्णन सममिति (rotational symmetry) तब होती है जब कोई आकृति अपने केंद्र बिंदु के चारों ओर 360° से कम घुमाने पर भी बिल्कुल वैसी ही दिखे। इस दौरान आकृति जितनी बार मूल रूप जैसी दिखती है, उसे घूर्णन का क्रम (order) कहते हैं। ध्यान दें कि हर आकृति में रेखा-सममिति और घूर्णन सममिति दोनों हों, यह जरूरी नहीं — कुछ आकृतियों में केवल एक ही प्रकार की सममिति पाई जाती है, जबकि वर्ग व समबाहु त्रिभुज जैसी नियमित आकृतियों में दोनों प्रकार साथ मिलती हैं।
सामान्य आकृतियों में सममिति
| आकृति | सममिति रेखाओं की संख्या | घूर्णन सममिति का क्रम |
|---|---|---|
| वर्ग | 4 | 4 |
| आयत | 2 | 2 |
| समबाहु त्रिभुज | 3 | 3 |
| समद्विबाहु त्रिभुज (असमबाहु) | 1 | 1 (कोई सार्थक घूर्णन सममिति नहीं) |
| सामान्य समांतर चतुर्भुज (आयत/समचतुर्भुज नहीं) | 0 | 2 |
| वृत्त | अनंत | अनंत |
वर्ग की 4 सममिति रेखाएँ — 2 विकर्णों के अनुदिश और 2 सम्मुख भुजाओं के मध्य-बिंदुओं को मिलाने वाली रेखाएँ।
अंग्रेज़ी वर्णमाला में सममिति के उदाहरण
- केवल ऊर्ध्वाधर (vertical) रेखा सममिति
- जैसे अक्षर A, M, T, U, V, W, Y
- केवल क्षैतिज (horizontal) रेखा सममिति
- जैसे अक्षर B, C, D, E, K
- ऊर्ध्वाधर व क्षैतिज दोनों रेखा सममिति
- जैसे अक्षर H, I, O, X
मूल ज्यामितीय रचनाएँ (Constructions)
परकार-रूलर (compass-straightedge) से मुख्य रचनाएँ: किसी रेखाखंड का लंब समद्विभाजक (perpendicular bisector), किसी कोण का समद्विभाजक (angle bisector), और 60° के कोण की रचना — जिससे आगे 30°, 90°, 120° जैसे कोण भी बनाए जा सकते हैं।
त्रिभुज की रचना दी गई जानकारी के अनुसार SSS (तीनों भुजाएँ), SAS (दो भुजा व अंतर्विष्ट कोण), ASA (दो कोण व अंतर्विष्ट भुजा) या RHS (समकोण त्रिभुज में कर्ण व एक भुजा) विधि से की जाती है — ये वही चार प्रतिमान हैं जो सर्वांगसमता में उपयोग होते हैं।
60° के कोण से आगे 30° (60° का समद्विभाजन), 90° (60° और उसके समद्विभाजित 30° को जोड़कर) तथा 120° (दो बार 60°) जैसे कोण भी रचना द्वारा प्राप्त किए जा सकते हैं, बिना चांदे के सीधे परकार-रूलर से।
मूल रचनाओं के चरण (संक्षेप में)
| रचना | मुख्य चरण |
|---|---|
| लंब समद्विभाजक | रेखाखंड के दोनों सिरों से आधी लंबाई से अधिक त्रिज्या लेकर दोनों ओर चाप खींचें; चापों के दो प्रतिच्छेदन बिंदुओं को मिलाने वाली रेखा ही लंब समद्विभाजक है |
| कोण समद्विभाजक | कोण के शीर्ष से एक चाप खींचकर दोनों भुजाओं पर बिंदु अंकित करें; इन बिंदुओं से समान त्रिज्या के दो चाप खींचकर उनके प्रतिच्छेदन बिंदु को शीर्ष से मिलाएँ |
| 60° का कोण | एक रेखा पर बिंदु से चाप खींचें; उसी त्रिज्या से चाप पर एक और चाप काटें; शीर्ष से नए बिंदु तक रेखा खींचने पर 60° का कोण बनता है |
बच्चों को कैसे पढ़ाएँ
कक्षा गतिविधि
कागज को मोड़कर सममिति रेखा जाँचना (मोड़ने पर दोनों भाग पूरी तरह मिलें तो सममित), और दर्पण रखकर आकृति की प्रतिकृति देखना। घूर्णन सममिति के लिए ट्रेसिंग पेपर पर आकृति बनाकर घुमाकर देखें कि कितनी बार वही आकृति दिखती है। कोलम/रंगोली जैसे स्थानीय पैटर्न से भी सममिति खोजी जा सकती है।
शिक्षण सामग्री
दर्पण, ट्रेसिंग पेपर, ज्यामिति बॉक्स (परकार, चांदा, स्केल) और डॉट-ग्रिड पेपर उपयोगी हैं। कटे हुए रंगीन कागज़ के आकारों से 'सममित पैटर्न बनाओ' जैसी गतिविधि भी रचनात्मक ढंग से सममिति सिखाती है।
सामान्य भ्रांति
विद्यार्थी अक्सर रेखा-सममिति और घूर्णन सममिति को एक ही समझ बैठते हैं, या सोचते हैं कि बराबर भुजाओं वाली हर आकृति में सममिति रेखाओं की संख्या भुजाओं की संख्या के बराबर ही होगी, जो सामान्य बहुभुजों के लिए हमेशा सही नहीं है।
आकलन विचार
कोई अपरिचित आकृति या अक्षर (जैसे स्थानीय भाषा का अक्षर) देकर पूछें — इसकी कितनी सममिति रेखाएँ हैं, और उन्हें चिह्नित करें। बच्चों से अपनी बनाई रंगोली/पैटर्न में सममिति रेखाएँ स्वयं खोजने को कहना भी एक सार्थक आकलन कार्य है।
याद रखने की ट्रिक / परीक्षा टिप
अंग्रेज़ी वर्णमाला और सामान्य आकृतियों में सममिति रेखाओं की संख्या रटने की बजाय कागज मोड़कर समझें — परीक्षा में अक्सर वर्ग, आयत, समबाहु त्रिभुज और अक्षरों (जैसे H, T) पर सीधा प्रश्न आता है, जहाँ सममिति रेखा गिनना ही काफी होता है।
REET 2024 में पूछे गए प्रश्न (हल सहित)
प्रश्न 93
एक वर्ग के लिए कितनी सममिति रेखाएँ होगी ?
- A2
- B8
- C4
- D6
व्याख्या
वर्ग की 4 सममिति रेखाएँ होती हैं — 2 विकर्णों के अनुदिश और 2 सम्मुख भुजाओं के मध्य-बिंदुओं को मिलाने वाली रेखाएँ। आयत की केवल 2 सममिति रेखाएँ होती हैं, इसलिए 2 गलत है।
अभ्यास प्रश्न
प्रश्न 1
समबाहु त्रिभुज में सममिति रेखाओं की संख्या कितनी होती है?
- A3
- B1
- C2
- D0
व्याख्या
समबाहु त्रिभुज की तीनों भुजाएँ व कोण बराबर होते हैं, इसलिए इसमें प्रत्येक शीर्ष से सम्मुख भुजा के मध्य-बिंदु तक जाने वाली 3 सममिति रेखाएँ होती हैं।
प्रश्न 2
वृत्त में सममिति रेखाओं की संख्या कितनी होती है?
- Aअनंत
- B4
- C1
- D0
व्याख्या
वृत्त के केंद्र से गुजरने वाली हर रेखा उसे दो बराबर भागों में बाँटती है, इसलिए वृत्त में अनंत सममिति रेखाएँ होती हैं।
प्रश्न 3
वर्ग की घूर्णन सममिति का क्रम (order) कितना होता है?
- A4
- B2
- C8
- D1
व्याख्या
वर्ग को 90°, 180°, 270° और 360° पर घुमाने पर वह हर बार मूल रूप जैसा दिखता है, अतः क्रम = 4।
प्रश्न 4
निम्न में से किस आकृति में कोई सममिति रेखा नहीं होती, परंतु घूर्णन सममिति का क्रम 2 होता है?
- Aसामान्य समांतर चतुर्भुज (आयत/समचतुर्भुज नहीं)
- Bसमचतुर्भुज
- Cआयत
- Dसमबाहु त्रिभुज
व्याख्या
एक सामान्य समांतर चतुर्भुज (जो आयत या समचतुर्भुज नहीं है) में कोई सममिति रेखा नहीं होती, परंतु 180° घुमाने पर वह अपने मूल रूप जैसा दिखता है, इसलिए घूर्णन सममिति का क्रम 2 होता है।
प्रश्न 5
किसी रेखाखंड के लंब समद्विभाजक (perpendicular bisector) की रचना के लिए मुख्यतः किन उपकरणों की आवश्यकता होती है?
- Aपरकार और रूलर
- Bकेवल चांदा
- Cकेवल स्केल
- Dफ्रीहैंड चित्रण
व्याख्या
रेखाखंड के दोनों सिरों से आधी लंबाई से अधिक त्रिज्या के बराबर चाप खींचकर, उनके प्रतिच्छेदन बिंदुओं को मिलाने पर लंब समद्विभाजक बनता है — इसके लिए परकार और रूलर पर्याप्त हैं।
प्रश्न 6
एक सम षट्भुज (regular hexagon) में सममिति रेखाओं की संख्या कितनी होती है?
- A6
- B3
- C12
- D4
व्याख्या
सम षट्भुज में 6 भुजाएँ और 6 शीर्ष होते हैं; इसमें 3 विकर्णों के अनुदिश और 3 सम्मुख भुजाओं के मध्य-बिंदुओं को मिलाने वाली — कुल 6 सममिति रेखाएँ होती हैं।
प्रश्न 7
अंग्रेज़ी के किस बड़े अक्षर में बिल्कुल 2 सममिति रेखाएँ (क्षैतिज व ऊर्ध्वाधर दोनों) होती हैं?
- AH
- BT
- CF
- DL
व्याख्या
अक्षर H में क्षैतिज (horizontal) और ऊर्ध्वाधर (vertical) दोनों सममिति रेखाएँ होती हैं। T में केवल ऊर्ध्वाधर रेखा है, जबकि F और L में कोई सममिति रेखा नहीं है।
प्रश्न 8
60° के कोण की रचना परकार से बराबर त्रिज्या के दो चाप खींचकर की जाती है। यह विधि वास्तव में किस त्रिभुज के गुण पर आधारित है?
- Aसमबाहु त्रिभुज (सभी भुजाएँ बराबर होने पर सभी कोण 60° होते हैं)
- Bसमकोण त्रिभुज
- Cसमद्विबाहु त्रिभुज
- Dविषमबाहु त्रिभुज
व्याख्या
समान त्रिज्या के चापों से बना त्रिभुज समबाहु होता है, और समबाहु त्रिभुज का प्रत्येक कोण 60° होता है — इसी गुण का उपयोग 60° कोण की रचना में होता है।
प्रश्न 9
कक्षा में सममिति की अवधारणा स्पष्ट कराने के लिए सबसे प्रभावी गतिविधि है:
- Aकागज मोड़कर या दर्पण रखकर आकृतियों की जाँच कराना
- Bकेवल परिभाषा बोर्ड पर लिखना
- Cपाठ्यपुस्तक से जोर से पढ़ाना
- Dकोई गतिविधि आवश्यक नहीं
व्याख्या
कागज मोड़ने या दर्पण रखने से बच्चे सममिति को प्रत्यक्ष रूप से देख व जाँच सकते हैं, जो केवल परिभाषा पढ़ने से संभव नहीं है।
प्रश्न 10
घूर्णन सममिति में 'क्रम' (order) से आशय है:
- A360° की पूर्ण परिक्रमा में आकृति कितनी बार मूल आकृति जैसी दिखती है
- Bआकृति की भुजाओं की संख्या
- Cसममिति रेखाओं की संख्या
- Dआकृति के कोणों का योग
व्याख्या
घूर्णन सममिति का क्रम यही बताता है कि 360° की पूरी परिक्रमा में आकृति कितनी बार अपने मूल रूप जैसी दिखाई देती है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
REET में सममिति-रचना से कितने प्रश्न आते हैं?+
आमतौर पर 1 प्रश्न इस टॉपिक से पूछा जाता है, प्रायः किसी परिचित आकृति की सममिति रेखाओं पर; REET 2024 में भी 1 प्रश्न आया था।
रेखा-सममिति और घूर्णन सममिति में क्या अंतर है?+
रेखा-सममिति में आकृति को एक रेखा से मोड़ने पर दोनों भाग मिलते हैं (दर्पण-प्रतिबिंब), जबकि घूर्णन सममिति में आकृति को केंद्र बिंदु के चारों ओर घुमाने पर वह अपने मूल रूप जैसी दिखती है।
वर्ग में कितनी सममिति रेखाएँ होती हैं?+
वर्ग में 4 सममिति रेखाएँ होती हैं — 2 विकर्णों के अनुदिश और 2 सम्मुख भुजाओं के मध्य-बिंदुओं को मिलाने वाली।
ज्यामितीय रचना के लिए कौन-से उपकरण चाहिए?+
मुख्यतः परकार (compass) और अचिह्नित रूलर (straightedge); कोण मापने के लिए चांदा (protractor) का उपयोग सत्यापन हेतु किया जा सकता है।
क्या वृत्त में सममिति रेखाएँ अनंत होती हैं?+
हाँ, वृत्त के केंद्र से गुजरने वाली हर रेखा उसे दो बराबर दर्पण-भागों में बाँटती है, इसलिए वृत्त में अनंत सममिति रेखाएँ होती हैं।
किसी कोण के समद्विभाजक (angle bisector) की रचना कैसे की जाती है?+
कोण के शीर्ष से एक चाप खींचकर दोनों भुजाओं पर बिंदु अंकित करें, फिर उन बिंदुओं से समान त्रिज्या के दो चाप खींचें; उनके प्रतिच्छेदन बिंदु को शीर्ष से मिलाने वाली रेखा कोण को दो बराबर भागों में बाँटती है।
अंग्रेज़ी अक्षर H और O में कितनी सममिति रेखाएँ होती हैं?+
दोनों अक्षरों में 2-2 सममिति रेखाएँ होती हैं — एक ऊर्ध्वाधर (vertical) और एक क्षैतिज (horizontal)।
आयत में सममिति रेखाओं की संख्या वर्ग से कम क्यों होती है?+
आयत में केवल सम्मुख भुजाओं के मध्य-बिंदुओं को मिलाने वाली 2 सममिति रेखाएँ होती हैं, जबकि वर्ग में इनके अलावा दोनों विकर्ण भी सममिति रेखाएँ बनते हैं (कुल 4), क्योंकि वर्ग की सभी भुजाएँ बराबर होती हैं।
क्या हर आकृति में घूर्णन सममिति का क्रम कम से कम 1 होता है?+
हाँ, हर आकृति में 360° की पूर्ण परिक्रमा पर वह अपने मूल रूप जैसी दिखती ही है, इसलिए घूर्णन सममिति का क्रम न्यूनतम 1 माना जाता है, भले ही उसमें कोई सार्थक रेखा-सममिति न हो।
समबाहु त्रिभुज में सममिति रेखाओं व घूर्णन क्रम की संख्या समान क्यों होती है?+
समबाहु त्रिभुज एक नियमित (regular) आकृति है, और नियमित बहुभुजों में सममिति रेखाओं की संख्या तथा घूर्णन सममिति का क्रम दोनों ही भुजाओं की संख्या के बराबर होते हैं — इसीलिए दोनों 3-3 हैं।
आगे पढ़ें
बदलाव लॉग
- 16 सितंबर 2026 — पेज प्रकाशित — तथ्य स्वतंत्र रूप से जाँचे गए