मुहावरे (Muhavare): अर्थ, वाक्य प्रयोग और लोकोक्ति से अंतर — REET हिंदी
इस पेज पर मुहावरे की परिभाषा और विशेषताएँ, लोकोक्ति से उसका अंतर, शरीर के अंगों व अन्य विषयों पर आधारित परीक्षोपयोगी मुहावरे अर्थ और वाक्य-प्रयोग सहित दिए गए हैं। REET 2024 में मुहावरों के 5 प्रश्न आए, जिनमें एक राजस्थानी मुहावरे पर भी था।
- REET 2024 में 5 प्रश्न
- कक्षा 1–8 स्तर
- 7 मिनट पढ़ें
REET में यह टॉपिक कैसे पूछा जाता है
REET 2024 में मुहावरों के 5 प्रश्न आए, दो रूपों में: (1) अर्थ देकर मुहावरा चुनना — 'बहुत चतुर होना' (उड़ती चिड़िया के पंख गिनना), 'वास्तविकता का ज्ञान होना' (आँखें खुलना), 'एक परेशानी पर नई परेशानी' (कोढ़ में खाज होना); (2) मुहावरा देकर अर्थ चुनना — 'सोने में सुगंध होना' (गुणों की अतिशयता) और राजस्थानी मुहावरा 'अंग-अंग मुळकणौ' (बहुत प्रसन्न होना)। विकल्पों में एक ही शब्द (उड़ती, आँख) वाले मिलते-जुलते मुहावरे रखे गए थे, इसलिए सटीक अर्थ याद होना ज़रूरी है।
मुहावरा क्या है?
मुहावरा ऐसा वाक्यांश है जो अपने शब्दों के सामान्य (अभिधा) अर्थ को छोड़कर किसी विशेष, लाक्षणिक अर्थ का बोध कराता है। 'मुहावरा' अरबी भाषा का शब्द है। जैसे — 'आँखें खुलना' का अर्थ नींद से जागना नहीं, बल्कि वास्तविकता का ज्ञान होना है; 'हाथ मलना' का अर्थ हथेलियाँ रगड़ना नहीं, पछताना है।
मुहावरे की प्रमुख विशेषताएँ: (1) यह पूर्ण वाक्य नहीं, वाक्यांश होता है, इसलिए इसका स्वतंत्र प्रयोग नहीं होता — वाक्य के भीतर ही आता है; (2) वाक्य में प्रयोग होने पर इसकी क्रिया लिंग, वचन, काल के अनुसार बदलती है — 'आँखें खुलना' → 'उसकी आँखें खुल गईं'; (3) इसके शब्दों को पर्यायवाची से नहीं बदला जा सकता — 'आँख का तारा' को 'नेत्र का सितारा' नहीं कहेंगे; (4) इसका अर्थ लाक्षणिक होता है, शब्दशः नहीं।
मुहावरों से भाषा में संक्षिप्तता, सजीवता और प्रभाव आता है। 'वह बहुत दुखी होकर रोया' की जगह 'वह आठ-आठ आँसू रोया' कहने से भाव अधिक गहराई से पहुँचता है। इसीलिए भाषा-शिक्षण में मुहावरों को सूची की तरह नहीं, संदर्भ और वाक्य-प्रयोग के साथ पढ़ाया जाता है।
मुहावरा और लोकोक्ति में अंतर
| आधार | मुहावरा | लोकोक्ति (कहावत) |
|---|---|---|
| रूप | वाक्यांश (अपूर्ण) | पूर्ण वाक्य |
| प्रयोग | स्वतंत्र प्रयोग नहीं; वाक्य का अंग बनकर आता है | स्वतंत्र रूप से प्रयुक्त हो सकती है |
| रूप-परिवर्तन | क्रिया लिंग, वचन, काल के अनुसार बदलती है | रूप प्रायः ज्यों-का-त्यों रहता है |
| प्रकृति | अर्थ में चमत्कार/लाक्षणिकता | किसी अनुभव या सत्य का सार, प्रायः उपदेशात्मक |
| उदाहरण | नौ दो ग्यारह होना → चोर पुलिस को देखकर नौ दो ग्यारह हो गया। | अब पछताए होत क्या, जब चिड़िया चुग गई खेत। |
सरल पहचान: अंत में 'ना' वाली क्रिया (होना, करना, लगना) हो तो प्रायः मुहावरा; पूरा वाक्य हो तो लोकोक्ति।
शरीर के अंगों पर आधारित मुहावरे
| मुहावरा | अर्थ | वाक्य-प्रयोग |
|---|---|---|
| आँखें खुलना | वास्तविकता का ज्ञान होना | धोखा खाने के बाद उसकी आँखें खुलीं। |
| आँख का तारा | बहुत प्यारा | इकलौता बेटा माँ की आँख का तारा है। |
| आँख लगना | नींद आना | पढ़ते-पढ़ते उसकी आँख लग गई। |
| आँखें बिछाना | प्रेम से स्वागत करना | गाँव वालों ने अतिथियों के लिए आँखें बिछा दीं। |
| आँखों में धूल झोंकना | धोखा देना | ठग ने सबकी आँखों में धूल झोंक दी। |
| नाक में दम करना | बहुत परेशान करना | शरारती बच्चों ने नाक में दम कर दिया। |
| नाक कटना | प्रतिष्ठा नष्ट होना | बेटे की करतूत से पिता की नाक कट गई। |
| हाथ मलना | पछताना | समय पर न पढ़ने वाले परिणाम के दिन हाथ मलते रह गए। |
| हाथ पीले करना | विवाह करना | उन्होंने इस वर्ष बेटी के हाथ पीले कर दिए। |
| दाँत खट्टे करना | बुरी तरह हराना | वीर सैनिकों ने शत्रु के दाँत खट्टे कर दिए। |
| दाँतों तले उँगली दबाना | आश्चर्यचकित होना | नन्हे जादूगर का खेल देखकर सबने दाँतों तले उँगली दबा ली। |
| कान भरना | चुगली करना | किसी ने मालिक के कान भर दिए। |
| कान पर जूँ न रेंगना | कोई असर न होना | बहुत समझाया, पर उसके कान पर जूँ न रेंगी। |
| अंग-अंग मुळकणौ (राजस्थानी) | बहुत प्रसन्न होना | REET 2024 में पूछा गया राजस्थानी मुहावरा। |
परीक्षा में बार-बार आने वाले अन्य मुहावरे
| मुहावरा | अर्थ |
|---|---|
| उड़ती चिड़िया के पंख गिनना | बहुत चतुर/अनुभवी होना |
| सोने में सुगंध होना | गुणों की अतिशयता; अच्छी वस्तु में और गुण जुड़ना |
| कोढ़ में खाज होना | एक विपत्ति पर दूसरी विपत्ति आना |
| आग में घी डालना | क्रोध या झगड़े को और भड़काना |
| आठ-आठ आँसू रोना | बहुत रोना, बहुत पछताना |
| कब्र में पाँव लटकना | मृत्यु निकट होना, बहुत बूढ़ा होना |
| ईद का चाँद होना | बहुत दिनों बाद दिखाई देना |
| गागर में सागर भरना | थोड़े शब्दों में बहुत कुछ कहना |
| लोहे के चने चबाना | बहुत कठिन काम करना |
| नौ दो ग्यारह होना | भाग जाना |
| टेढ़ी खीर | कठिन कार्य |
| घी के दीये जलाना | बहुत ख़ुशी मनाना |
| एड़ी-चोटी का ज़ोर लगाना | पूरा प्रयास करना |
| पानी-पानी होना | बहुत लज्जित होना |
| श्रीगणेश करना | शुभ आरंभ करना |
| अक्ल पर पत्थर पड़ना | बुद्धि भ्रष्ट होना |
| अँगूठा दिखाना | ऐन समय पर मना कर देना |
'उड़ती खबर' (अफ़वाह) और 'उड़ती नज़र' (सरसरी दृष्टि) जैसे मिलते-जुलते वाक्यांश विकल्पों में जाल की तरह रखे जाते हैं।
मुहावरे के प्रश्न हल करने की विधि
पहला चरण — मुहावरे को वाक्य में रखकर सोचें: 'कोढ़ में खाज' को 'पहले से बीमार था, ऊपर से चोरी हो गई — यह तो कोढ़ में खाज हो गई' जैसे वाक्य में रखते ही अर्थ स्पष्ट होता है। दूसरा चरण — शब्दशः अर्थ वाले विकल्प को सावधानी से देखें; मुहावरे का अर्थ लगभग कभी शब्दशः नहीं होता।
तीसरा चरण — मिलते-जुलते मुहावरों का भाव-भेद पहचानें: 'आग में घी डालना' क्रोध या झगड़ा बढ़ाना है, जबकि 'कोढ़ में खाज' दुःख पर दुःख; 'आँखें खुलना' सच्चाई समझ में आना है, जबकि 'आँखें बंद करना' अनदेखी करना या मरना और 'आँख लगना' नींद आना। राजस्थानी मुहावरों के प्रश्न में शब्दों के मानक हिंदी अर्थ पर ध्यान दें — 'मुळकणौ' का संबंध मुस्कराने/प्रसन्न होने से है, इसलिए 'अंग-अंग मुळकणौ' = बहुत प्रसन्न होना।
बच्चों को कैसे पढ़ाएँ
गतिविधि: मुहावरा-अभिनय (कक्षा 4–8)
एक बच्चा मुहावरे का शब्दशः अभिनय करे (जैसे हाथ मलना) और कक्षा अनुमान लगाए; फिर शिक्षक पूछे कि असल अर्थ क्या है। शब्दशः और लाक्षणिक अर्थ का अंतर हँसी-खेल में स्पष्ट हो जाता है।
गतिविधि: कहानी में मुहावरा
छोटी कहानी सुनाएँ जिसमें 4–5 मुहावरे हों; बच्चे उन्हें पहचानें और अपने वाक्य बनाएँ। स्थानीय राजस्थानी मुहावरे और उनके हिंदी समानार्थी भी जोड़ें, ताकि घर की भाषा का सम्मान हो।
शिक्षण सामग्री
चित्र-कार्ड (एक ओर मुहावरे का शब्दशः चित्र, दूसरी ओर अर्थ), अंगों के अनुसार 'मुहावरा-शरीर' चार्ट और कक्षा की 'मुहावरा डायरी'।
आम भ्रांति
बच्चे मुहावरे का शब्दशः अर्थ लिखते हैं ('नाक कटना' = चोट लगना) या क्रिया नहीं बदलते ('उसकी आँखें खुलना गया')। उपाय: हर मुहावरे का कम-से-कम दो कालों में वाक्य-प्रयोग कराएँ।
आकलन विचार
अर्थ से मुहावरा मिलान, रिक्त स्थान पूर्ति और एक अनुच्छेद लेखन जिसमें दिए गए तीन मुहावरों का सार्थक प्रयोग हो। केवल अर्थ-याद की जाँच न करें।
याद रखने की ट्रिक / परीक्षा टिप
'वाक्य में बिठाओ, अर्थ पाओ': विकल्प चुनने से पहले मुहावरे को एक छोटे वाक्य में बोलकर देखें। और अर्थ-भेद याद रखने के लिए जोड़ी बनाएँ — आग में घी (गुस्सा बढ़ा), कोढ़ में खाज (दुःख बढ़ा), सोने में सुगंध (गुण बढ़ा)।
REET 2024 में पूछे गए प्रश्न (हल सहित)
प्रश्न 43
‘बहुत चतुर होना’ अर्थ को आत्मसात करने वाला मुहावरा है
- Aउड़ती नज़र
- Bउड़ती खबर
- Cउड़ती चिड़िया के पंख गिनना
- Dउड़ चलना
व्याख्या
‘उड़ती चिड़िया के पंख गिनना’ मुहावरे का अर्थ है — बहुत चतुर या अनुभवी होना (दूर से ही बात भाँप लेना)। ‘उड़ती खबर’ का अर्थ अफवाह/अपुष्ट सूचना और ‘उड़ती नज़र’ का अर्थ सरसरी दृष्टि है। अतः विकल्प (C) सही है।
प्रश्न 87
“सोने में सुगंध होना ।” मुहावरे का उपयुक्त अर्थ है -
- Aलाभपूर्ण वस्तु से वंचित रहना
- Bथोथी कल्पना करना
- Cप्रभुत्व स्थापित करना
- Dगुणों की अतिशयता होना
व्याख्या
‘सोने में सुगंध होना’ का अर्थ है — किसी अच्छी वस्तु या व्यक्ति में और भी अधिक गुणों का होना, अर्थात् गुणों की अतिशयता। जैसे — विद्वान होने के साथ विनम्र भी होना सोने में सुगंध है।
प्रश्न 59
‘वास्तविकता का ज्ञान होना’ अर्थ को प्रकट करने वाला उपयुक्त मुहावरा है –
- Aआँखें खुलना
- Bआँखें बन्द करना
- Cआँख का तारा
- Dआँख लगना
व्याख्या
‘आँखें खुलना’ मुहावरे का अर्थ है वास्तविकता का ज्ञान होना या होश आना। ‘आँखें बंद करना’ का अर्थ अनदेखा करना/मर जाना, ‘आँख का तारा’ का अर्थ अत्यंत प्रिय और ‘आँख लगना’ का अर्थ नींद आना है।
प्रश्न 52
‘एक परेशानी पहले से होने पर नई परेशानी का आ घेरना’ भाव वाला मुहावरा है
- Aकब्र में पाँव लटकना
- Bआठ-आठ आँसू रोना
- Cकोढ़ में खाज होना
- Dआग में घी डालना
व्याख्या
‘कोढ़ में खाज होना’ का अर्थ है एक दुःख/परेशानी पर दूसरी परेशानी आ जाना। ‘आग में घी डालना’ का अर्थ क्रोध या झगड़ा और भड़काना है, ‘आठ-आठ आँसू रोना’ का अर्थ बहुत पछताना/रोना है और ‘कब्र में पाँव लटकना’ का अर्थ मृत्यु के निकट होना है।
प्रश्न 69
‘अंग-अंग मुळकणौ’ राजस्थानी मुहावरे का अर्थ है
- Aसभी अंग देश को समर्पित करना
- Bमूर्ख बनाना
- Cहर काम में सहायता करना
- Dबहुत प्रसन्न होना
व्याख्या
राजस्थानी मुहावरे ‘अंग-अंग मुळकणौ’ में ‘मुळकणौ’ का अर्थ मुस्कराना है। अंग-अंग का मुस्कराना अर्थात बहुत प्रसन्न होना (हिन्दी— अंग-अंग खिल उठना)।
अभ्यास प्रश्न
प्रश्न 1
'नौ दो ग्यारह होना' मुहावरे का अर्थ है —
- Aहिसाब लगाना
- Bभाग जाना
- Cधोखा देना
- Dलाभ कमाना
व्याख्या
'नौ दो ग्यारह होना' का अर्थ है — भाग जाना। जैसे — पुलिस को देखते ही चोर नौ दो ग्यारह हो गया।
प्रश्न 2
'बहुत कठिन कार्य करना' अर्थ के लिए उपयुक्त मुहावरा है —
- Aलोहे के चने चबाना
- Bघी के दीये जलाना
- Cहाथ पीले करना
- Dकान भरना
व्याख्या
'लोहे के चने चबाना' = बहुत कठिन कार्य करना। घी के दीये जलाना ख़ुशी मनाना, हाथ पीले करना विवाह करना और कान भरना चुगली करना है।
प्रश्न 3
'आँख लगना' मुहावरे का अर्थ है —
- Aप्यार होना
- Bनींद आना
- Cचोट लगना
- Dध्यान से देखना
व्याख्या
'आँख लगना' का अर्थ नींद आना है — 'पढ़ते-पढ़ते उसकी आँख लग गई।'
प्रश्न 4
'क्रोध या झगड़े को और भड़काना' भाव वाला मुहावरा है —
- Aकोढ़ में खाज होना
- Bआग में घी डालना
- Cसोने में सुगंध होना
- Dपानी-पानी होना
व्याख्या
'आग में घी डालना' क्रोध या झगड़ा बढ़ाने के लिए आता है। 'कोढ़ में खाज' दुःख पर दुःख है।
प्रश्न 5
मुहावरे के संबंध में कौन-सा कथन सही नहीं है?
- Aमुहावरा वाक्यांश होता है
- Bमुहावरे का अर्थ लाक्षणिक होता है
- Cमुहावरे के शब्दों को पर्यायवाची शब्दों से बदला जा सकता है
- Dवाक्य में प्रयोग पर मुहावरे की क्रिया बदलती है
व्याख्या
मुहावरे के शब्द निश्चित होते हैं; 'आँख का तारा' को 'नेत्र का सितारा' नहीं कहा जा सकता।
प्रश्न 6
मुहावरे का शुद्ध प्रयोग किस वाक्य में है?
- Aपरीक्षा में अच्छे अंक पाकर वह पानी-पानी हो गया।
- Bचोरी पकड़ी जाने पर वह पानी-पानी हो गया।
- Cबहुत प्यास लगने पर वह पानी-पानी हो गया।
- Dठंडी हवा से वह पानी-पानी हो गया।
व्याख्या
'पानी-पानी होना' = बहुत लज्जित होना; चोरी पकड़े जाने का संदर्भ लज्जा का है। अन्य वाक्यों में संदर्भ अर्थ से मेल नहीं खाता।
प्रश्न 7
'थोड़े शब्दों में बहुत कुछ कह देना' के लिए उपयुक्त मुहावरा है —
- Aगागर में सागर भरना
- Bटेढ़ी खीर
- Cश्रीगणेश करना
- Dईद का चाँद होना
व्याख्या
'गागर में सागर भरना' = थोड़े शब्दों में बहुत कुछ कहना। टेढ़ी खीर कठिन कार्य, श्रीगणेश करना आरंभ करना और ईद का चाँद होना बहुत दिनों बाद दिखना है।
प्रश्न 8
निम्नलिखित में से लोकोक्ति (मुहावरा नहीं) है —
- Aआँखों में धूल झोंकना
- Bअब पछताए होत क्या, जब चिड़िया चुग गई खेत
- Cदाँत खट्टे करना
- Dनाक में दम करना
व्याख्या
'अब पछताए होत क्या…' पूर्ण वाक्य है और स्वतंत्र रूप से प्रयुक्त होता है, इसलिए लोकोक्ति है। शेष तीन वाक्यांश हैं जिनकी क्रिया प्रयोग में बदलती है।
प्रश्न 9
'उसकी बात सुनकर सबने दाँतों तले उँगली दबा ली।' यहाँ मुहावरे का भाव है —
- Aडर
- Bआश्चर्य
- Cपछतावा
- Dक्रोध
व्याख्या
'दाँतों तले उँगली दबाना' आश्चर्यचकित होने का भाव प्रकट करता है।
प्रश्न 10
कक्षा 6 में मुहावरे पढ़ाने की सबसे प्रभावी विधि है —
- A50 मुहावरों की अर्थ-सूची रटवाना
- Bमुहावरों को कहानी या संदर्भ में प्रस्तुत कर बच्चों से अपने वाक्यों में प्रयोग कराना
- Cकेवल शब्दकोश से अर्थ ढुँढ़वाना
- Dमुहावरों को श्रुतलेख में लिखवाना
व्याख्या
मुहावरे का अर्थ लाक्षणिक होता है, जो संदर्भ में ही समझ आता है। वाक्य-प्रयोग से बच्चे उसे सक्रिय शब्दावली में शामिल कर पाते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
REET में मुहावरों से कितने प्रश्न आते हैं?+
REET 2024 में हिंदी भाषा I व II से मुहावरों के 5 प्रश्न आए — चार हिंदी मुहावरों पर और एक राजस्थानी मुहावरे पर।
मुहावरा और लोकोक्ति में क्या अंतर है?+
मुहावरा वाक्यांश होता है और वाक्य में प्रयोग होने पर उसकी क्रिया बदलती है; लोकोक्ति पूर्ण वाक्य होती है और स्वतंत्र रूप से ज्यों-की-त्यों प्रयुक्त होती है।
'सोने में सुगंध होना' का अर्थ क्या है?+
किसी अच्छी वस्तु या व्यक्ति में और भी गुण जुड़ जाना, अर्थात् गुणों की अतिशयता।
'कोढ़ में खाज होना' का अर्थ क्या है?+
एक परेशानी या विपत्ति पहले से होने पर नई परेशानी का आ जाना।
'मुहावरा' किस भाषा का शब्द है?+
'मुहावरा' अरबी भाषा का शब्द है।
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आधिकारिक स्रोत
बदलाव लॉग
- 16 सितंबर 2026 — पेज प्रकाशित — तथ्य स्वतंत्र रूप से जाँचे गए